चतुर्वेदी विला में नौ दिवसीय श्रीमद् भागवत कथा का भव्य शुभारंभ, वृंदावन के त्रिभुवन दास जी महाराज ने सुनाई शुकदेव जन्म की लीला
संतकबीरनगर।
नाथनगर ब्लॉक के ग्राम भिटहा स्थित “चतुर्वेदी विला” में पूर्वांचल के मालवीय कहे जाने वाले स्व. पंडित सूर्य नारायण चतुर्वेदी की पुण्य स्मृति में नौ दिवसीय श्रीमद् भागवत कथा का बुधवार को भव्य शुभारंभ हुआ।
वृंदावन धाम से पधारे ख्यात कथावाचक श्री त्रिभुवन दास जी महाराज ने पहले दिन शुकदेव जी के गर्भ से बाहर आने की अद्भुत लीला सुनाई। उन्होंने बताया कि शुकदेव जी ने मां के गर्भ में 12 वर्ष बिताए, क्योंकि वे माया के बंधन से मुक्त होने तक बाहर नहीं आए। भगवान विष्णु के आश्वासन के बाद ही वे जन्मे और जन्म लेते ही वैराग्य धारण कर जंगल चले गए। कथावाचक ने श्रोताओं को सत्कर्म, पुत्र-धर्म और भक्ति का गूढ़ रहस्य समझाया।
मुख्य यजमान श्रीमती चंद्रावती देवी के नेतृत्व में सूर्या ग्रुप चेयरमैन डॉ. उदय प्रताप चतुर्वेदी, पूर्व विधायक जय चौबे, एबीआरएल एमडी जनार्दन चतुर्वेदी, पूर्व प्रमुख राकेश चतुर्वेदी एवं युवराज रजत चतुर्वेदी ने व्यास पीठ व बाल गोपाल की भव्य आरती उतारी। जिला पंचायत अध्यक्ष बलिराम यादव ने भी व्यास गद्दी का तिलक कर दान-दक्षिणा अर्पित की।

सुबह से चले गणेश पूजन, हनुमान चालीसा पाठ के बाद कथा का विधिवत शुभारंभ हुआ। मायाराम पाठक, आशीष चौरसिया, शंकर यादव, आनंद ओझा सहित सैकड़ों श्रद्धालु उपस्थित रहे। अगले आठ दिन तक प्रतिदिन दोपहर 2 से सायं 6 बजे तक कथा चलेगी।















