तहसीलदार से एसडीएम बने 20 अधिकारियों को गोरखपुर में मिला विशेष प्रशासनिक प्रशिक्षण
तीन दिवसीय फील्ड प्रशिक्षण में राजस्व, कानून-व्यवस्था और जनसुनवाई की बारीकियां सिखाई गईं
गोरखपुर। प्रशासनिक कार्यों में दक्षता और व्यवहारिक समझ विकसित करने के उद्देश्य से तहसीलदार पद से पदोन्नत होकर उप जिलाधिकारी (एसडीएम) बने 20 अधिकारियों को गोरखपुर में तीन दिवसीय विशेष प्रशिक्षण दिया गया। यह प्रशिक्षण 8 से 10 जून तक एडीएम सिटी गजेंद्र कुमार के नेतृत्व में आयोजित किया गया।
जानकारी के अनुसार सभी अधिकारी 1 मई से लखनऊ में चल रहे राज्य स्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम में शामिल हैं, जो 12 जून तक चलेगा। इसी प्रशिक्षण के अंतर्गत उन्हें व्यवहारिक अनुभव प्रदान करने के लिए विभिन्न जनपदों में भेजा गया था। गोरखपुर में आयोजित प्रशिक्षण के दौरान अधिकारियों को राजस्व प्रशासन, कानून-व्यवस्था, जनसुनवाई, आपदा प्रबंधन, भूमि विवाद निस्तारण, अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई तथा शासन की योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं।
प्रशिक्षण शुरू होने से पूर्व सभी अधिकारियों ने जिलाधिकारी दीपक मीणा से शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने अधिकारियों को स्मृति चिन्ह भेंट कर नई जिम्मेदारियों के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि एसडीएम प्रशासन और आम जनता के बीच सबसे महत्वपूर्ण कड़ी होते हैं, इसलिए उन्हें निष्पक्षता, पारदर्शिता और संवेदनशीलता के साथ कार्य करना चाहिए।
एडीएम सिटी गजेंद्र कुमार ने प्रशिक्षण के दौरान विभिन्न केस स्टडी और वास्तविक उदाहरणों के माध्यम से अधिकारियों को फील्ड में आने वाली चुनौतियों तथा उनके समाधान के व्यावहारिक तरीके बताए। साथ ही डिजिटल प्रशासन, ऑनलाइन शिकायत निस्तारण प्रणाली और समयबद्ध कार्रवाई पर भी विशेष जोर दिया गया।
प्रशिक्षण के समापन पर अधिकारियों ने इसे उपयोगी और ज्ञानवर्धक बताते हुए कहा कि इससे उन्हें फील्ड प्रशासन की बेहतर समझ और कार्य करने का आत्मविश्वास मिला है। अधिकारियों ने अब लखनऊ लौटकर शेष प्रशिक्षण पूरा करने की बात कही। यह कार्यक्रम प्रशासनिक क्षमता निर्माण और बेहतर जनसेवा की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।















