सनसनीखेज अपहरण का खुलासा: पुलिस ने फिल्मी अंदाज में दबोचे तीन अपहरणकर्ता.
गोरखपुर: शाहपुर थाना क्षेत्र के पादरी बाजार निवासी रिटायर्ड एयरफोर्स कर्मी अशोक जायसवाल का शुक्रवार सुबह 5:30 बजे कार से अपहरण कर लिया गया था। बदमाशों ने उनकी पत्नी से एक करोड़ रुपये की फिरौती मांगी, लेकिन महज 12 घंटों में शाहपुर पुलिस और एसओजी टीम ने फिल्मी अंदाज में तीन अपहरणकर्ताओं को दबोचकर अशोक को सकुशल बरामद कर लिया। इस कार्रवाई की जानकारी आज पुलिस लाइन में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) राजकरन नय्यर ने प्रेस वार्ता में दी, जिसमें एसपी सिटी और सीओ गोरखनाथ भी मौजूद रहे।
पुलिस जांच से पता चला कि बदमाशों ने वारदात से पहले अशोक की दिनचर्या की रेकी की थी। वे जानते थे कि वह सुबह 5:30 बजे साइकिल से स्टेडियम जाता है। कौवाबाग अंडरपास—जहां सुबह सन्नाटा रहता है—को निशाना बनाकर उन्होंने अशोक को बातों में उलझाकर कार में जबरन बैठा लिया। अपहरण के बाद बदमाश उन्हें अयोध्या तक ले गए, चार घंटे घुमाया, और फिर पत्नी सुषमा जायसवाल को कॉल कर धमकी दी कि पुराने लेन-देन का बहाना बनाएं। हालांकि, जांच में यह झूठा निकला—बदमाशों ने दबाव बनाने के लिए ऐसा कहा।
पुलिस ने अशोक की पत्नी को रणनीति दी कि बदमाशों को रुपये देने की बातचीत में उलझाएं। शाम को कालेसर जीरो प्वाइंट पर रुपये लेने पहुंचे तीनों—करुणेश दुबे, श्याम सुंदर और जनार्दन गौंड को पुलिस ने दबोच लिया। घटना में इस्तेमाल कार, मोबाइल, एक देसी तमंचा और दो जिंदा कारतूस भी बरामद हुए। गिरफ्तार आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।
एसएसपी नय्यर ने बताया कि छह टीमों ने सीसीटीवी फुटेज और सर्विलांस से 12 घंटे में सफलता पाई। उन्होंने गिरफ्तार करने वाली टीम को इनाम देने की घोषणा की और चार फरार वांछित अभियुक्तों कलालुद्दीन, प्रीतम कुमार, शेरू सिंह और अंश की जल्द गिरफ्तारी का भरोसा दिया। यह कार्रवाई पुलिस की तत्परता और अपराध नियंत्रण की मिसाल बन गई है।















