गोरखपुर में साइबर अपराध रोकने की मुहिम: पुलिस ने कार्यशाला के जरिए जनता को किया जागरूक, हेल्पलाइन 1930 पर तुरंत शिकायत करें।
गोरखपुर
प्रदेश सरकार के “सेवा, सुरक्षा व सुशासन” के आठ वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर गोरखपुर पुलिस ने साइबर अपराधों की रोकथाम और जागरूकता के लिए कदम उठाया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन और पुलिस अधीक्षक (अपराध) के पर्यवेक्षण में 27 मार्च 2025 को बुद्धा इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, गीडा में एक कार्यशाला आयोजित की गई। साइबर सेल प्रभारी निरीक्षक संदीप सिंह, शशिकांत जायसवाल, प्रद्युम्न जायसवाल और अपराध शाखा की टीम ने बुद्धा पॉलिटेक्निक कॉलेज के छात्रों व शिक्षकों को साइबर सुरक्षा के बारे में जागरूक किया।
कार्यशाला में मोबाइल सिक्युरिटी, सोशल मीडिया सिक्युरिटी, हनी ट्रैप, डिजिटल अरेस्ट और फेक न्यूज़ जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई। लोगों को बताया गया कि टेलिकॉम या पुलिस अधिकारी बनकर डिजिटल अरेस्ट का डर दिखाने वाले ठगों से सावधान रहें, क्योंकि भारतीय कानून में ऐसा कोई शब्द नहीं है। सोशल मीडिया फॉलोअर्स बढ़ाने के लिए पासवर्ड साझा न करें, अश्लील या आपत्तिजनक पोस्ट से बचें, बैंक खाते का दुरुपयोग न होने दें, संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें और असत्यापित खबरें शेयर न करें। साइबर फ्रॉड का शिकार होने पर तुरंत हेल्पलाइन 1930, वेबसाइट www.cybercrime.gov.in या नजदीकी थाने में शिकायत करने की सलाह दी गई।
साइबर क्राइम सेल गोरखपुर के चैनल्स (WhatsApp: https://whatsapp.com/channel/0029VasEklv7Noa2uPqslj11, YouTube: https://www.youtube.com/@CYBERAWARENESSGORAKHPUR) फॉलो करने की अपील की गई ताकि लोग जागरूक रहें। पुलिस का संदेश है: “सावधान रहें, सुरक्षित रहें।”















