एडीजी अशोक जैन ने मारा 10 घंटे का छापा, क्वार्टर गार्ड से लाइब्रेरी तक सब देखा, संविधान की शपथ दिलाई और नई लाइब्रेरी का किया उद्घाटन
गोंडा। एडीजी गोरखपुर जोन मुथा अशोक जैन ने बुधवार को गोंडा पुलिस का पूरा वार्षिक निरीक्षण किया और सुबह 9 बजे से शाम 7 बजे तक एक मिनट भी नहीं रुके। सबसे पहले पुलिस लाइन पहुंचे तो क्वार्टर गार्ड पर सैल्यूट लेते ही दस्ते की ड्रिल, हथियार और अनुशासन चेक किया। दो जवानों की वर्दी पर हल्की धूल देखी तो तुरंत फटकार लगाई।फिर पूरे पुलिस लाइन का चक्कर लगाया। मेस, बैरक, स्टोर, जिम, ट्रेनिंग ग्राउंड सब देखा। इसके बाद पुलिस कार्यालय में घुसे तो अभिलेख, अपराध शाखा, एचआर, कंट्रोल रूम हर फाइल खंगाली।
कई जगह-जगज लंबित केस और पुरानी जीडी देखकर नाराजगी जताई और बोले, “31 दिसंबर तक सारे लंबित काम खत्म, वरना हिसाब होगा।”सभी पुलिसकर्मियों को लाइन में खड़ा कर संविधान की उद्देशिका की सामूहिक शपथ दिलाई। एडीजी ने कहा, “हमारा पहला धर्म संविधान है। बिना भेदभाव, बिना डर के कानून लागू करना ही हमारी असली पूजा है।”दोपहर में राजपत्रित अधिकारियों व थानाध्यक्षों के साथ बंद कमरे में गोष्ठी की।
साइबर क्राइम, महिला सुरक्षा, बीट सिस्टम और रिस्पांस टाइम पर कड़ी क्लास ली। जनप्रतिनिधियों व पत्रकारों से भी मिले और बोले, “पुलिस और पब्लिक का गैप खत्म करना है।”दिन का सबसे खूबसूरत पल आखिर में आया जब एडीजी ने पुलिस लाइन में बनी नई पुलिस लाइब्रेरी का फीता काटा। हजारों किताबें कानून, क्राइम इन्वेस्टिगेशन, साइबर फॉरेंसिक, मनोविज्ञान और मॉडर्न पुलिसिंग की।
एडीजी ने कहा, “अब कोई जवान यह नहीं कहेगा कि पढ़ने को कुछ नहीं है। जो पढ़ेगा, वही आगे बढ़ेगा।”जाते-जाते एडीजी ने गोंडा पुलिस की पीठ थपथपाई और बोले, “काम अच्छा चल रहा है, लेकिन अभी और तेज करना है। मैं फिर आऊंगा, बिना बताए।















