डीएम ने खुद संभाली कमान, बूथों पर बीएलओ की उपस्थिति का किया औचक निरीक्षण
गोरखपुर। मतदाता सूची को शुद्ध, अद्यतन और त्रुटिरहित बनाने के लिए जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिलाधिकारी दीपक मीणा स्वयं मैदान में उतरे हैं। उन्होंने गोरखपुर शहर विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न मतदान केंद्रों का औचक निरीक्षण कर बीएलओ की उपस्थिति और कार्य प्रगति का जायजा लिया।
डीएम ने स्पष्ट निर्देश दिए थे कि नए मतदाताओं के नाम जोड़ने, मृतक मतदाताओं के नाम हटाने, स्थानांतरित मतदाताओं के नाम विलोपन तथा नाम, पता, आयु एवं फोटो में सुधार के लिए बीएलओ का बूथ पर रहना अनिवार्य है। इन निर्देशों की हकीकत जानने के लिए उन्होंने बिना पूर्व सूचना के कई बूथों पर पहुंचकर पंजिका देखी और मौके पर मौजूद बीएलओ से अब तक प्राप्त आवेदनों की संख्या, उनके निस्तारण की स्थिति तथा मतदाताओं से संपर्क के बारे में जानकारी ली।
उन्होंने यह भी जांच की कि बीएलओ फार्म-6 (नए मतदाता पंजीकरण), फार्म-7 (नाम विलोपन) और फार्म-8 (संशोधन) से संबंधित जानकारी आम नागरिकों को सही ढंग से दे रहे हैं या नहीं। कुछ बूथों पर बीएलओ की अनुपस्थिति या लापरवाही सामने आने पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि निर्वाचन कार्य अत्यंत महत्वपूर्ण है और इसमें किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अनुपस्थित या कार्य में लापरवाही बरतने वाले बीएलओ के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि सभी बीएलओ घर-घर जाकर सत्यापन करें, ताकि कोई भी पात्र नागरिक मतदाता सूची से वंचित न रहे और कोई अपात्र नाम सूची में दर्ज न हो। मृतक और स्थायी रूप से स्थानांतरित मतदाताओं के नाम समयबद्ध ढंग से हटाए जाएं तथा त्रुटियों का तत्काल सुधार किया जाए।
उन्होंने आम मतदाताओं से अपील की कि वे अपने मतदाता विवरण की जांच अवश्य करें। यदि कोई त्रुटि हो या नाम जोड़ने/हटाने की आवश्यकता हो तो संबंधित बीएलओ से संपर्क कर समय रहते आवेदन करें।
जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव की बुनियाद शुद्ध मतदाता सूची है। इसे लेकर प्रशासन पूरी तरह गंभीर है और हर स्तर पर निगरानी की जा रही है, ताकि लोकतांत्रिक प्रक्रिया को और मजबूत बनाया जा सके।















