संतकबीरनगर में योजनाओं के भोजन पर DM की पैनी नजर: 5 विभागों की संयुक्त जांच टीम गठित, गुणवत्ता और रख-रखाव की होगी सख्त पड़ताल।
संतकबीरनगर
संतकबीरनगर के जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर ने विभिन्न सरकारी योजनाओं के तहत छात्रों और व्यक्तियों को मिलने वाले भोजन की गुणवत्ता और रख-रखाव को लेकर बड़ा कदम उठाया है। मार्च 2025 को जारी कार्यालय आदेश (पत्रांक: समग्र शिक्षा/2024-25) के तहत डीएम ने एक संयुक्त सतर्कता जांच टीम गठित की है। यह टीम खाद्यान्न की गुणवत्ता, भंडारण स्थल, और भोजन की नियमित जांच करेगी ताकि योजनाओं का लाभार्थियों तक शुद्ध और सुरक्षित रूप से पहुंचे।
गठित टीम में पांच विभागों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हैं: जिला कार्यक्रम अधिकारी (बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार), जिला समाज कल्याण अधिकारी, जिला प्रोबेशन अधिकारी, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, और मुख्य अभिहित अधिकारी (फूड एंड सेफ्टी विभाग)। डीएम ने निर्देश दिए कि यह टीम प्रतिमाह योजनाओं के तहत संचालित कार्यक्रमों का स्थलीय निरीक्षण करेगी और जांच रिपोर्ट उनके समक्ष प्रस्तुत करेगी।
जिलाधिकारी ने कहा, “जनता के स्वास्थ्य और योजनाओं की सजगता के लिए यह जरूरी है कि भोजन की गुणवत्ता और भंडारण पर सख्त नजर रखी जाए। किसी भी लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।” यह कदम विभिन्न विभागों जैसे समग्र शिक्षा, समाज कल्याण और पुष्टाहार योजनाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में उठाया गया है।
स्थानीय लोगों ने इस पहल की सराहना की है। एक अभिभावक ने कहा, “स्कूलों और योजनाओं में बच्चों को मिलने वाला भोजन अब सुरक्षित होगा।” जांच टीम की रिपोर्ट के आधार पर भविष्य में दोषियों पर कार्रवाई और व्यवस्था में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है। यह कदम प्रशासन की जनहित के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है।















