तामेश्वरनाथ धाम को कॉरिडोर के रूप में विकसित करने की तैयारी तेज
डीएम ने मंदिर परिसर का किया निरीक्षण, स्थानीय काश्तकारों से कहा- विकास में उनके हितों को दी जाएगी प्राथमिकता
संतकबीरनगर। पौराणिक बाबा तामेश्वरनाथ धाम को पर्यटन विकास और कॉरिडोर के रूप में विकसित करने की योजना को लेकर जिलाधिकारी अनुज मलिक ने बुधवार को मंदिर परिसर का निरीक्षण किया। उन्होंने मंदिर में पूजा-अर्चना के बाद पोखरे और आसपास के क्षेत्र का जायजा लिया। पर्यटन एवं राजस्व विभाग के अधिकारियों से प्रस्तावित योजना, ले-आउट, भूमि की स्थिति और अब तक हुई कार्रवाई की जानकारी ली।
डीएम की अध्यक्षता में मंदिर परिसर में स्थानीय राजस्व कर्मचारियों, ग्राम प्रधान और काश्तकारों के साथ बैठक भी हुई। इसमें प्रस्तावित कॉरिडोर के लिए भूमि अधिग्रहण, भू-स्वामियों की सहमति, आवश्यक भूमि, गाटों और प्रभावित काश्तकारों से जुड़े बिंदुओं पर चर्चा की गई।
डीएम ने कहा कि तामेश्वरनाथ धाम का पर्यटन विकास क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण है। परियोजना में स्थानीय काश्तकारों और प्रभावित लोगों के हितों को प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि विकास कार्य से स्थानीय लोगों को किसी प्रकार का नुकसान या अहित न हो।
उन्होंने मंदिर के पहुंच मार्ग पर निर्माणाधीन नाली का काम तेजी से पूरा कराने और सड़क की मरम्मत कराने के निर्देश दिए। परिसर में निर्माणाधीन शौचालय को पूरा कराकर ग्राम पंचायत को हस्तांतरित करने को भी कहा।
इस दौरान एडीएम सत्य प्रकाश, एसडीएम खलीलाबाद हृदय राम तिवारी, पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता आरके पांडेय, जिला पर्यटन अधिकारी विकास नारायण, तहसीलदार अनुराग यादव, नायब तहसीलदार प्रेम नारायण, लेखपाल, ग्राम प्रधान, मंदिर पुजारी और स्थानीय ग्रामीण मौजूद रहे















