गोरखपुर कलेक्ट्रेट में रास्ता विवाद पर बवाल, अधिवक्ताओं और मजदूरों में मारपीट।

गोरखपुर। कलेक्ट्रेट परिसर में शुक्रवार को सुबह करीब 11 बजे बहुमंजिली इमारत के निर्माण कार्य के दौरान रास्ता बंद करने को लेकर अधिवक्ताओं और मजदूरों के बीच तीखा विवाद हो गया। जानकारी अनुसार, विवाद इतना बढ़ा कि दोनों पक्षों में मारपीट शुरू हो गई। अधिवक्ताओं ने जमकर हंगामा किया और एक मजदूर की पिटाई कर दी। वहीं, अधिवक्ताओं का आरोप है कि ठेकेदार और मजदूरों ने बार एसोसिएशन के मंत्री सीपी मिश्रा पर हमला किया, जिससे उनके हाथ में चोट आई।
अधिवक्ताओं का कहना है कि निर्माण कार्य के लिए एडीएम (वित्त) के कार्यालय की ओर जाने वाला रास्ता बंद कर दिया गया, जिससे आवागमन में बाधा हुई। कई दिनों से बैरिकेडिंग को लेकर विवाद चल रहा था। अधिवक्ता मांग कर रहे थे कि आने-जाने के लिए रास्ता खुला रखा जाए। शुक्रवार को मजदूरों द्वारा रास्ता बंद करने और अंदर जाने से रोकने पर नोकझोंक मारपीट में बदल गई।
हंगामे की सूचना पर एडीएम सिटी अंजनी कुमार सिंह, उप जिला अधिकारी/तहसीलदार सदर ज्ञान प्रताप सिंह, और कैंट इंस्पेक्टर मौके पर पहुंचे। नाराज अधिवक्ताओं को समझाने की कोशिश नाकाम रही। इसके बाद एसपी सिटी अभिनव त्यागी, एसपी नॉर्थ जितेंद्र श्रीवास्तव, सीओ गोरखनाथ रवि सिंह के साथ कैंट, गोरखनाथ, शाहपुर, और रामगढ़ताल थानों की पुलिस फोर्स पहुंची। पुलिस और प्रशासन ने दोनों पक्षों को शांत कर स्थिति को नियंत्रित किया।
अधिवक्ताओं ने निर्माण कार्य रुकवा दिया और उच्च अधिकारियों को मौके पर बुलाने की मांग की। उनका कहना है कि जब तक वरिष्ठ अधिकारी जांच नहीं करते, निर्माण कार्य शुरू नहीं होगा। प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है और दोनों पक्षों से संयम बरतने की अपील की है।















