मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए 17 और 24 अक्टूबर को विशेष अभियान
डीएम दीपक मीणा ने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ की बैठक, दोनों दिन बूथों पर मौजूद रहेंगे बीएलओ
आवेदन जमा करने पर रसीद देना अनिवार्य, लंबित प्रपत्रों के समयबद्ध निस्तारण के निर्देश
गोरखपुर। मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने से वंचित रह गए लोगों और सूची से नाम कटने वाले मतदाताओं को राहत देने के लिए जिला प्रशासन 17 और 24 अक्टूबर को विशेष अभियान चलाएगा। दोनों दिन सभी मतदान केंद्रों पर बूथ स्तरीय अधिकारी (बीएलओ) मौजूद रहेंगे। जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी दीपक मीणा ने कलेक्ट्रेट सभागार में राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर अभियान को प्रभावी बनाने के निर्देश दिए।
डीएम ने कहा कि जिन पात्र मतदाताओं का नाम सूची में दर्ज नहीं है या किसी कारणवश कट गया है, वे निर्धारित तिथियों पर अपने मतदान केंद्र पहुंचकर नाम जुड़वाने के लिए आवेदन करें। 18 वर्ष की आयु पूरी कर चुके युवा भी निर्धारित प्रपत्र भरकर आवेदन कर सकते हैं। उन्होंने विधानसभा क्षेत्रों में व्यापक प्रचार-प्रसार कराने और यह सुनिश्चित करने को कहा कि कोई भी पात्र व्यक्ति मताधिकार से वंचित न रहे।
आवेदन पर रसीद देना होगा अनिवार्य
जिलाधिकारी ने आवेदन प्रक्रिया में पारदर्शिता पर जोर देते हुए कहा कि नाम जुड़वाने के लिए आवेदन जमा करने वाले प्रत्येक व्यक्ति को बीएलओ से प्राप्ति रसीद अनिवार्य रूप से मिले। राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को भी आवेदन जमा करने पर रसीद दी जाए। उन्होंने निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों को निर्देश दिया कि दोनों विशेष तिथियों पर मतदान केंद्रों पर आने वाले लोगों को आवेदन भरने में सहायता उपलब्ध कराएं और प्राप्त प्रपत्रों की प्रविष्टि समय से सुनिश्चित करें।
लंबित प्रपत्रों का प्राथमिकता से हो निस्तारण
बैठक में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण के दौरान सामने आए बिंदुओं की समीक्षा की गई। महिला-पुरुष मतदाताओं के अनुपात, विभिन्न आयु वर्गों में मतदाताओं की संख्या और निर्वाचन संबंधी शिकायतों की स्थिति पर चर्चा हुई। डीएम ने प्रपत्र-6, 7 और 8 के लंबित मामलों की नियमित समीक्षा करने तथा 15 दिन और 45 दिन से अधिक समय से लंबित आवेदनों का अलग-अलग विवरण तैयार कर प्राथमिकता से निस्तारण कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए लंबित शिकायतों और अन्य निर्वाचन संबंधी प्रकरणों का तय समयसीमा में निस्तारण किया जाए। संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी निर्धारित करने के साथ प्रगति रिपोर्ट भी तैयार रखी जाए, ताकि समीक्षा के दौरान प्रत्येक मामले की स्थिति स्पष्ट हो सके।
बैठक में अपर जिलाधिकारी प्रशासन डॉ. वैभव शर्मा, संयुक्त मजिस्ट्रेट मुकुल खंडेलवाल, जिला विद्यालय निरीक्षक अजीत सिंह, सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी शंकर मिश्र सहित विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। जिला प्रशासन ने पात्र मतदाताओं से अपील की है कि वे 17 या 24 अक्टूबर को अपने मतदान केंद्र पहुंचकर मतदाता सूची में नाम जांचें और नाम दर्ज न होने पर आवश्यक प्रपत्र जमा करें।















