दस करोड़ से अधिक की परियोजनाएं समय से पूरी कराने पर जोर
डीएम ने निर्माण कार्यों की समीक्षा की, गुणवत्ता में लापरवाही पर जताई सख्ती
गोरखपुर। विकास भवन सभागार में जिलाधिकारी दीपक मीणा ने बुधवार को 10 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाली निर्माणाधीन परियोजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों और कार्यदायी संस्थाओं से परियोजनावार प्रगति की जानकारी लेते हुए सभी कार्य निर्धारित समयसीमा में पूरा कराने के निर्देश दिए। कहा कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता में किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।
डीएम ने धीमी गति से चल रही परियोजनाओं में तेजी लाने और नियमित मॉनिटरिंग के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जहां भूमि, धनराशि, तकनीकी स्वीकृति या अन्य किसी कारण से कार्य प्रभावित है, वहां समस्या का तत्काल समाधान कराया जाए। अधिकारी मौके पर जाकर निर्माण कार्यों की प्रगति भी जांचें।
उन्होंने निर्माण सामग्री और तकनीकी गुणवत्ता की नियमित जांच कराने को कहा, ताकि कार्य निर्धारित मानकों के अनुरूप हो। शासन की प्राथमिकता वाली परियोजनाओं को अनावश्यक रूप से लंबित न रखने और पूरी हो चुकी परियोजनाओं को संबंधित विभागों को समय से हस्तांतरित करने के निर्देश भी दिए।
डीएम ने कहा कि बड़ी लागत वाली परियोजनाएं जिले के विकास से जुड़ी हैं। इसलिए उनकी प्रगति की समीक्षा के साथ मौके पर सत्यापन भी जरूरी है। सभी विभाग और कार्यदायी संस्थाएं आपसी समन्वय से काम करें, ताकि परियोजनाओं का लाभ आमजन को समय से मिल सके।
बैठक में सीडीओ शाश्वत त्रिपुरारी, जिला सांख्यिकी अधिकारी शशिकांत समेत विभिन्न विभागों और कार्यदायी संस्थाओं के अधिकारी मौजूद रहे।















