बहू-बेटी सम्मेलन कार्यशाला में शामिल हुए डीआईजी संजीव त्यागी, महिला एवं बाल सुरक्षा पर दिए अहम निर्देश
यूनिसेफ और दिशा संस्था के सहयोग से सिद्धार्थनगर में आयोजित हुई जिलास्तरीय कार्यशाला
सिद्धार्थनगर। पुलिस उपमहानिरीक्षक (डीआईजी) बस्ती परिक्षेत्र संजीव त्यागी ने मंगलवार को विकास भवन स्थित अंबेडकर सभागार में यूनिसेफ द्वारा आयोजित बहू-बेटी सम्मेलन के अंतर्गत एक दिवसीय जिलास्तरीय अभिमुखीकरण कार्यशाला में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन. तथा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक महाजन भी मौजूद रहे।
कार्यशाला को संबोधित करते हुए डीआईजी संजीव त्यागी ने महिलाओं एवं बच्चों के विरुद्ध होने वाले अपराधों, घरेलू हिंसा, बाल विवाह, लैंगिक आधारित हिंसा तथा अन्य सामाजिक जोखिमों से जुड़े मामलों में पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को संवेदनशीलता के साथ त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में प्राप्त शिकायतों पर तत्काल विधिक कार्रवाई सुनिश्चित करते हुए पीड़ितों को आवश्यक सहायता, संरक्षण और सुरक्षा उपलब्ध कराई जाए।
डीआईजी ने महिला हेल्पलाइन, चाइल्ड हेल्पलाइन तथा अन्य सुरक्षा तंत्रों से संबंधित हेल्पलाइन नंबरों के व्यापक प्रचार-प्रसार पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए नियमित जनसंवाद, जागरूकता अभियान और सामुदायिक कार्यक्रम आयोजित किए जाने चाहिए, ताकि समाज में सुरक्षा और विश्वास का माहौल मजबूत हो सके।
उन्होंने विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर संवेदनशील मामलों के प्रभावी निस्तारण पर बल देते हुए कहा कि महिलाओं और बच्चों से जुड़े मुद्दों का समाधान केवल पुलिस की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि सभी विभागों की संयुक्त जवाबदेही है। सामूहिक प्रयासों से ही सुरक्षित और सकारात्मक सामाजिक वातावरण का निर्माण किया जा सकता है।
डीआईजी ने पुलिस महानिदेशक गोरखपुर जोन की प्रेरणा से शुरू की गई इस पहल की सराहना करते हुए यूनिसेफ एवं दिशा संस्था का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कार्यशाला के सफल आयोजन में दोनों संस्थाओं के योगदान की प्रशंसा करते हुए कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम समाज में जागरूकता बढ़ाने और संवेदनशील मुद्दों पर सकारात्मक बदलाव लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
कार्यक्रम में अपर पुलिस अधीक्षक प्रशांत कुमार प्रसाद, क्षेत्राधिकारीगण, थाना प्रभारी, मिशन शक्ति प्रभारी, यूनिसेफ एवं दिशा संस्था के प्रतिनिधियों सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। कार्यशाला में महिला एवं बाल सुरक्षा से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई तथा प्रभावी क्रियान्वयन के लिए आवश्यक सुझाव साझा किए गए।















