कुपोषण मुक्ति: डीएम ने ‘मिशन खिलखिलाहट’ के तहत बच्चों को गोद लिया
गोरखपुर। रविवार को डीएम दीपक मीणा ने कुपोषण मुक्ति के लिए चलाए जा रहे ‘मिशन खिलखिलाहट’ के तहत बाल विकास परियोजना खजनी के भैंसा बाजार गांव में तीन कुपोषित बच्चों के घर पहुँचकर स्नेह दिखाया। उन्होंने परी (पिता चंदन), प्रिया (पिता चंदन) और बेबी (पिता श्यामसुंदर) को गोद लिया और पोषण पोटली दी।
डीएम ने परिवारों से बातचीत कर बच्चों के स्वास्थ्य, स्वच्छता और पोषण सुधार पर जागरूकता फैलाई। प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रदीप त्रिपाठी और बाल विकास परियोजना अधिकारी रचना पांडेय को निरंतर निगरानी और चिकित्सीय-पोषण सहायता सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। खंड विकास अधिकारी रमेश शुक्ला को ऐसे परिवारों पर विशेष ध्यान देने को कहा, ताकि बच्चे जल्द कुपोषण से उबरें।जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. अभिनव मिश्रा ने बताया कि ‘मिशन खिलखिलाहट’ में अधिकारी-कर्मचारी स्वैच्छिक रूप से बच्चों को गोद ले रहे हैं। पोषण पोटली (फल, दूध, हरी सब्जियाँ, आयरन-विटामिन) और स्वास्थ्य-स्वच्छता जागरूकता दी जा रही है। “अभियान से कई बच्चे कुपोषण से बाहर आए हैं,” उन्होंने कहा।
उपजिलाधिकारी खजनी राजेश सिंह, खंड विकास अधिकारी रमेश शुक्ला, यूनिसेफ मंडल प्रभारी सुरेश कुमार, मुख्य सेविका हेमलता, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सरोज, कुसुम, संध्या और आशा कार्यकर्ता मौजूद रहीं।
यह पहल कुपोषण उन्मूलन में मील का पत्थर साबित हो रही है।















