डीआईजी संजीव त्यागी ने मासिक अपराध समीक्षा गोष्ठी में दिए सख्त निर्देश
लंबित अभियोगों, महिला अपराधों और IGRS शिकायतों के त्वरित निस्तारण पर जोर
गोवध, SC/ST एक्ट और गैंगस्टर एक्ट में प्रभावी कार्रवाई का आदेश
नाइट पुलिसिंग, कम्युनिटी पुलिसिंग और त्रिनेत्र 2.0 ऐप अपडेट पर विशेष ध्यान
बस्ती। पुलिस उपमहानिरीक्षक (डीआईजी) बस्ती परिक्षेत्र संजीव त्यागी ने गुरुवार को परिक्षेत्रीय कार्यालय सभागार में बस्ती, सिद्धार्थनगर और संतकबीरनगर के पुलिस अधीक्षकों (एसपी) के साथ मासिक अपराध समीक्षा गोष्ठी की। इस दौरान डीआईजी ने अपराध नियंत्रण, लंबित मामलों के निस्तारण और शासन की प्राथमिकताओं पर प्रभावी कार्रवाई के लिए व्यापक दिशा-निर्देश दिए।
डीआईजी ने लंबित अभियोगों के त्वरित निस्तारण, वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी, गोवध अधिनियम, महिला अपराधों, SC/ST एक्ट के मामलों और पुरस्कार घोषित अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई पर जोर दिया। उन्होंने धारा 107 BNSS और गैंगस्टर अधिनियम के तहत संपत्ति जब्तीकरण की प्रभावी कार्यवाही का निर्देश दिया। इसके अलावा, IGRS, NCRP, पब्लिक ग्रीवांस रिव्यू पोर्टल, रेंज कार्यालय, सीएम जनता दर्शन और मुख्यालय से प्राप्त शिकायती प्रार्थना पत्रों के समयबद्ध निस्तारण पर विशेष ध्यान देने को कहा।
डीआईजी ने नाइट पुलिसिंग, कम्युनिटी पुलिसिंग, नियमित पैदल गस्त, सी-प्लान ऐप में बीट कर्मियों और सम्मानित व्यक्तियों के मोबाइल नंबर अपडेट करने, त्रिनेत्र 2.0 ऐप पर डाटा अपलोड करने, कोर्ट आदेशों का समय पर तामील, PRV 112 के रिस्पांस टाइम में सुधार, मृतक आश्रित और चिकित्सा प्रतिपूर्ति की लंबित पत्रावलियों के निस्तारण के लिए सीएमओ से समन्वय और सभी निरीक्षकों व उपनिरीक्षकों को साइट्रेन प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए। टेक्निकल सेल में अधिकारियों और कर्मचारियों की नियुक्ति कर कार्रवाई को और प्रभावी बनाने की हिदायत दी गई।
गोष्ठी में एसपी सिद्धार्थनगर डॉ. अभिषेक महाजन, एसपी बस्ती अभिनंदन, एसपी संतकबीरनगर संदीप मीना और परिक्षेत्रीय कार्यालय के सभी शाखा प्रभारी मौजूद रहे। यह बैठक बस्ती परिक्षेत्र में अपराध नियंत्रण और पुलिस कार्यप्रणाली को सुदृढ़ करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है















