झूठी लूट की साजिश का पर्दाफाश: एसपी संदीप कुमार मीना ने 24 घंटे में खारिज किया मुकदमा।
संतकबीरनगर। कोतवाली खलीलाबाद क्षेत्र के ककरही-खोझवां मार्ग पर शारदा देवी इंटर कॉलेज के पास कथित लूट और चाकूबाजी की घटना पुलिस की गहन जांच में झूठी साबित हुई। जितेंद्र चौधरी ने पुरानी रंजिश के चलते विपक्षी संजय चौधरी को फंसाने के लिए 12 हजार रुपये और ज्वेलरी लूट का फर्जी मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने 24 घंटे के भीतर विवेचना पूरी कर मुकदमा खारिज कर दिया और जितेंद्र के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी।
एसपी संदीप कुमार मीना का बयान:
“कोतवाली खलीलाबाद पुलिस ने त्वरित और वैज्ञानिक जांच के जरिए इस सनसनीखेज मामले का खुलासा किया। जितेंद्र चौधरी ने पुरानी अदावत के चलते संजय चौधरी को फंसाने के लिए लूट की झूठी कहानी गढ़ी थी। जांच में घटना के कोई साक्ष्य नहीं मिले। स्थानीय लोगों और सीसीटीवी फुटेज से साफ हुआ कि कोई लूट हुई ही नहीं। जितेंद्र ने गिठनी में मंगलसूत्र की रसीद बाद में बनवाकर साजिश रची। इस तरह की झूठी शिकायतें पुलिस का समय बर्बाद करती हैं और कानून का दुरुपयोग हैं। जितेंद्र के खिलाफ कोर्ट में रिपोर्ट दाखिल कर कठोर कार्रवाई की जाएगी। हमारी प्राथमिकता है कि जनपद में कानून-व्यवस्था बनी रहे और ऐसी साजिशों का तुरंत पर्दाफाश हो।
जांच का विवरण
जितेंद्र ने 2 अगस्त 2025 को डायल 112 पर शिकायत की थी कि संजय चौधरी, सत्येंद्र यादव और दो अज्ञात लोगों ने उस पर चाकू से हमला कर लूटपाट की। कोतवाली पुलिस ने 3 अगस्त को मुकदमा दर्ज किया, लेकिन जांच में पाया गया कि जितेंद्र और संजय के बीच जमीन विवाद और 2012 की हत्या से जुड़ी रंजिश थी। घटनास्थल के पास आइसक्रीम फैक्ट्री के लोगों ने लूट की बात नकारी। जितेंद्र ने रसीद के साथ छेड़छाड़ की थी। कोतवाल पंकज कुमार पांडेय और विवेचक मनीष जायसवाल की टीम ने साक्ष्यों के आधार पर मुकदमा खारिज किया।















