पंचायत चुनाव से पहले नगरीय सीमा विस्तार, परिसीमन और मतदाता सूची पुनरीक्षण पर रोक।
लखनऊ: उत्तर प्रदेश में 2026 के पंचायत चुनाव से पहले नगरीय सीमाओं के विस्तार की तैयारी है। इसके चलते ग्राम पंचायतों के परिसीमन और मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान पर रोक लगना तय है। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, इस संबंध में आदेश 1-2 अगस्त तक जारी हो सकता है।
पंचायतीराज विभाग ने 21 मई को शासनादेश जारी कर त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के लिए नगर निकायों के गठन और सीमा विस्तार पर रोक लगाई थी। साथ ही, ग्राम पंचायतों, क्षेत्र पंचायतों और जिला पंचायतों के वार्डों के परिसीमन का कार्यक्रम 18 जुलाई से शुरू किया गया। राज्य निर्वाचन आयोग ने भी 11 जुलाई को मतदाता सूची पुनरीक्षण का विस्तृत कार्यक्रम जारी किया था।
हालांकि, 97 नए नगर निकायों के गठन और 107 निकायों के सीमा विस्तार के प्रस्ताव लंबित हैं। नगर विकास विभाग ने पिछले सप्ताह पंचायतीराज विभाग से 21 मई के शासनादेश को रद्द करने का अनुरोध किया, ताकि नगरीय सीमा विस्तार को प्राथमिकता दी जा सके। अभी तक सरकार ने इस पर अंतिम निर्णय नहीं लिया है, जिसके चलते परिसीमन और मतदाता सूची संशोधन की प्रक्रिया जारी है।
मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह ने बताया कि पहले नगरीय क्षेत्रों के विस्तार के प्रस्तावों पर विचार होगा। इसके बाद ही पंचायत चुनाव से संबंधित प्रक्रियाएं पूरी की जाएंगी। यह कदम नगरीय और ग्रामीण क्षेत्रों के बीच संतुलित विकास और सुचारू चुनाव प्रक्रिया सुनिश्चित करने के लिए उठाया जा रहा है।















