1774 के लक्ष्य में 1773 मुख्यमंत्री आवास स्वीकृत, लंबित कार्य जल्द पूरे करने के निर्देश डीएम ने चार विभागों की योजनाओं की समीक्षा की, निर्माण कार्यों के नियमित निरीक्षण और गुणवत्ता पर जोर

1774 के लक्ष्य में 1773 मुख्यमंत्री आवास स्वीकृत, लंबित कार्य जल्द पूरे करने के निर्देश

डीएम ने चार विभागों की योजनाओं की समीक्षा की, निर्माण कार्यों के नियमित निरीक्षण और गुणवत्ता पर जोर

संतकबीरनगर। मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2026-27 में जिले को मिले 1774 आवासों के लक्ष्य के सापेक्ष 1773 आवास पात्र लाभार्थियों के लिए स्वीकृत कर दिए गए हैं। डीएम अनुज मलिक ने रविवार को कलेक्ट्रेट सभागार में श्रम एवं रोजगार, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास और पंचायतीराज विभाग की योजनाओं की समीक्षा के दौरान स्वीकृत आवासों का निर्माण तेजी से पूरा कराने के निर्देश दिए।

बैठक में सीडीओ जयकेश त्रिपाठी की मौजूदगी में डीएम ने रोजगार एवं आजीविका से जुड़ी योजनाओं की प्रगति जानी। उन्होंने बीडीओ को ग्राम पंचायतों में अधिक कार्य कराकर रोजगार दिवसों का सृजन बढ़ाने और श्रमिकों की मांग के अनुसार काम उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। सभी जॉब कार्डधारकों की ई-केवाईसी कराने को कहा, ताकि श्रमिकों का सत्यापन हो सके और दोहराव रोका जा सके। एनएमएस एप से दैनिक हाजिरी दर्ज करने में पीछे चल रहे ब्लॉकों को प्रगति सुधारने के निर्देश दिए गए।

सेमरियावां, मेंहदावल, पौली और सांथा को सुधारनी होगी प्रगति

राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन की समीक्षा में समूह गठन, रिवॉल्विंग फंड, सामुदायिक निवेश निधि, बैंक क्रेडिट लिंकेज, स्वयं सहायता समूहों के बचत खाते और लखपति दीदी आजीविका रजिस्टर समेत विभिन्न बिंदुओं की समीक्षा हुई। सेमरियावां, मेंहदावल, पौली और सांथा ब्लॉक में अपेक्षाकृत कम प्रगति मिलने पर डीएम ने सुधार के निर्देश दिए। अगली बैठक में प्रगति रिपोर्ट के साथ उपस्थित होने को कहा गया।

पुराने 153 प्रधानमंत्री आवास भी कराएं पूरे

मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास योजना की समीक्षा में बताया गया कि वर्ष 2025-26 के 28 आवास अभी पूरे होने बाकी हैं। डीएम ने इन्हें तेजी से पूरा कराने के साथ जीरो पॉवर्टी लाभार्थियों को किस्त की धनराशि समय से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। पिछले वर्षों के लंबित 153 प्रधानमंत्री आवासों को भी जल्द पूरा कराने और अगली बैठक में वर्षवार विवरण प्रस्तुत करने को कहा।

पंचायत भवनों की गुणवत्ता जांचेंगे बीडीओ

स्वच्छ भारत मिशन के तहत ओडीएफ प्लस मॉडल गांवों की संख्या बढ़ाने और सामुदायिक शौचालयों के रखरखाव पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए। अधूरे पंचायत भवनों का निर्माण प्राथमिकता से पूरा कराने तथा जहां भूमि उपलब्ध नहीं है, उनकी सूची तत्काल उपलब्ध कराने को कहा गया। बीडीओ को निर्माण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण कर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए।

धनघटा क्षेत्र के पौली ब्लॉक की ग्राम पंचायत शिवबखरी में निर्माणाधीन पंचायत उत्सव भवन को भी जल्द पूरा कराने को कहा गया। डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि निर्माण कार्यों और लाभार्थीपरक योजनाओं की नियमित समीक्षा हो। पात्र व्यक्ति योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे और निर्माण की गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता न किया जाए।

बैठक में जिला विकास अधिकारी रुक्मिणी वर्मा, उपायुक्त श्रम एवं रोजगार डॉ. प्रभात द्विवेदी, डीसी एनआरएलएम प्रवीण कुमार शुक्ल, पीडी विजयंत कुमार सिंह समेत बीडीओ और संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

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