अंश निर्धारण और वरासत में देरी पर सीआरओ सख्त
सदर तहसील में मैराथन समीक्षा बैठक, लंबित मामलों के समयबद्ध निस्तारण के निर्देश
गोरखपुर। सदर तहसील सभागार में शुक्रवार को मुख्य राजस्व अधिकारी (सीआरओ) हिमांशु वर्मा ने राजस्व अधिकारियों, कानूनगो, लेखपाल और पटल प्रभारियों के साथ मैराथन बैठक कर राजस्व कार्यों की समीक्षा की। अंश निर्धारण, वरासत, आय-जाति-निवास प्रमाण पत्र, पारिवारिक सदस्यता प्रमाण पत्र, फॉर्मर रजिस्ट्री और न्यायालयीन मामलों की प्रगति जानी।
सीआरओ ने स्पष्ट निर्देश दिया कि किसी भी प्रकरण को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए और निर्धारित समयसीमा में निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि भूमि और वरासत से जुड़े मामलों में छोटी सी लापरवाही भी भविष्य में विवाद का कारण बन सकती है। इसलिए लेखपाल और कानूनगो अभिलेखों, पूर्व आदेशों और संबंधित दस्तावेजों की जांच के बाद ही रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
वरासत के मामलों में सभी पात्र उत्तराधिकारियों के नाम और अधिकारों का नियमानुसार परीक्षण कर शीघ्र कार्रवाई करने को कहा गया। आय, जाति और निवास प्रमाण पत्रों के लंबित आवेदनों की भी समीक्षा की गई। पारिवारिक सदस्यता प्रमाण पत्र के लिए मौके की जांच और रिपोर्ट समय से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
फॉर्मर रजिस्ट्री की प्रगति की जानकारी लेते हुए सीआरओ ने दस्तावेजी कार्य और सत्यापन में तेजी लाने को कहा। न्यायालयीन मामलों में समय से रिपोर्ट और अभिलेख उपलब्ध कराने के निर्देश देते हुए कहा कि देरी से वादकारियों को अनावश्यक परेशानी होती है।
बैठक में एसडीएम सदर ज्ञान प्रताप सिंह, तहसीलदार सत्य प्रकाश गुप्ता समेत नायब तहसीलदार, कानूनगो, लेखपाल और विभिन्न पटल प्रभारी मौजूद रहे।















