जलभराव किसी हाल में बर्दाश्त नहीं : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
विकास कार्यों, बाढ़ बचाव और जलनिकासी तैयारियों की समीक्षा, लापरवाही पर सख्त कार्रवाई के निर्देश
गोरखपुर।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को एनेक्सी भवन में विकास कार्यों, बाढ़ बचाव और जलनिकासी व्यवस्था की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शहर में जलभराव की समस्या किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि बरसात के दौरान नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए सभी विभाग पूरी सतर्कता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करें।
मुख्यमंत्री ने नालों और नालियों की समयबद्ध सफाई, जलनिकासी के लिए पंपिंग स्टेशनों का सुचारु संचालन तथा जल प्रवाह में बाधा बनने वाले अतिक्रमणों को तत्काल हटाने के निर्देश दिए। उन्होंने चेतावनी दी कि जलभराव या सफाई व्यवस्था में लापरवाही मिलने पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय कर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने स्वच्छता अभियान, नियमित फॉगिंग, स्ट्रीट लाइटों की कार्यशीलता, सीसीटीवी निगरानी व्यवस्था, निराश्रित गोवंश एवं डॉग शेल्टर के बेहतर प्रबंधन तथा शहरी व्यवस्थाओं को और मजबूत बनाने पर विशेष जोर दिया।
उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित किया कि सभी सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों पर आवश्यक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए, ताकि बरसात के मौसम में फैलने वाले संक्रामक रोगों से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके।
मुख्यमंत्री ने संभावित बाढ़ की स्थिति को देखते हुए तटबंधों की लगातार निगरानी, राहत एवं बचाव कार्यों की अग्रिम तैयारी तथा संवेदनशील क्षेत्रों में आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए। उन्होंने कहा कि आपदा प्रबंधन से जुड़े सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें, ताकि किसी भी आपात स्थिति में त्वरित राहत उपलब्ध कराई जा सके।















