आयुष्मान कार्ड निर्माण में तेजी लाने के निर्देश, डीएम ने की प्रगति की समीक्षा
पात्र लाभार्थियों को समयबद्ध मिले योजना का लाभ, घर-घर अभियान चलाने के निर्देश
रायबरेली। प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (आयुष्मान भारत) के तहत जनपद में आयुष्मान कार्ड निर्माण की प्रगति की समीक्षा के लिए जिलाधिकारी सरनीत कौर ब्रोका की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में बैठक आयोजित की गई। बैठक में पात्र लाभार्थियों के आयुष्मान कार्ड निर्माण की विभागवार समीक्षा करते हुए शत-प्रतिशत लक्ष्य समयबद्ध ढंग से पूरा करने की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की गई।
जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनपद का कोई भी पात्र परिवार आयुष्मान योजना के लाभ से वंचित न रहे। उन्होंने कहा कि आयुष्मान कार्ड आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए ₹5 लाख तक के निःशुल्क उपचार का सुरक्षा कवच है, इसलिए पात्र लाभार्थियों का शीघ्र कार्ड बनवाना प्रशासन की प्राथमिकता है।
उन्होंने ग्राम पंचायतों, नगर निकायों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (सीएचसी), प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (पीएचसी) तथा जन सेवा केंद्रों के माध्यम से विशेष अभियान चलाकर अधिक से अधिक आयुष्मान कार्ड बनाने के निर्देश दिए। साथ ही आशा, एएनएम और अन्य फील्ड कर्मचारियों को घर-घर संपर्क कर पात्र परिवारों की पहचान करने और कार्ड निर्माण सुनिश्चित कराने के लिए सक्रिय रूप से अभियान से जोड़ने को कहा।
डीएम ने कहा कि जिन क्षेत्रों में आयुष्मान कार्ड निर्माण की प्रगति अपेक्षाकृत कम है, वहां विशेष अभियान चलाया जाए तथा प्रतिदिन प्रगति की समीक्षा कर लक्ष्य के अनुरूप कार्य सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि लाभार्थियों को योजना के तहत मिलने वाली निःशुल्क उपचार सुविधा के बारे में भी जागरूक किया जाए, ताकि अधिक से अधिक लोग इसका लाभ उठा सकें।
बैठक में जिलाधिकारी ने तकनीकी समस्याओं के त्वरित समाधान पर भी जोर देते हुए कहा कि कार्ड निर्माण की प्रक्रिया में किसी प्रकार की बाधा नहीं आनी चाहिए। संबंधित विभाग आपसी समन्वय से समस्याओं का तत्काल निराकरण करें और अभियान को गति दें।
बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. नवीन चंद्रा, सिटी मजिस्ट्रेट राम अवतार, जिला पंचायत राज अधिकारी विनय सिंह सहित स्वास्थ्य विभाग एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।















