ईमानदारी की मिसाल बना ऑटो चालक, जेवरात से भरा बैग लौटाकर जीता दिल
पुलिस की सक्रियता से महिला को सुरक्षित मिला सामान, चालक की सराहना कर जताया आभार
गोरखपुर। बदलते दौर में जहां अक्सर खोई हुई वस्तुओं के वापस मिलने की उम्मीद कम दिखाई देती है, वहीं चौरीचौरा क्षेत्र के एक ऑटो चालक ने अपनी ईमानदारी से समाज के सामने एक प्रेरणादायक मिसाल पेश की है। चालक ने जेवरात और कपड़ों से भरा बैग सुरक्षित लौटाकर न केवल इंसानियत की मिसाल कायम की, बल्कि यह भी साबित कर दिया कि ईमानदारी आज भी जिंदा है।
जानकारी के अनुसार, 24 जून 2026 को एक महिला तरकुलहा माता मंदिर में दर्शन के लिए गई थीं। दर्शन के बाद वह ऑटो से अपने घर लौट रही थीं। इसी दौरान उनका बैग ऑटो में ही छूट गया। बैग में कीमती जेवरात और कपड़े रखे हुए थे, लेकिन महिला को इसकी जानकारी घर पहुंचने के बाद हुई।
उधर, ऑटो चालक संतोष जब अपने घर पहुंचा तो उसकी नजर वाहन में पड़े बैग पर गई। बैग खोलकर देखने पर उसमें कीमती सामान होने का अंदाजा हुआ। इसके बाद उसने बिना किसी लालच के बैग को सुरक्षित अपने पास रखा और उसे सही मालिक तक पहुंचाने का निर्णय लिया।
अगले दिन 25 जून को संतोष बैग लेकर थाना चौरीचौरा पहुंचा और पूरे मामले की जानकारी पुलिस को दी। पुलिस ने भी तत्परता दिखाते हुए संबंधित महिला की जानकारी जुटाई और उनसे संपर्क कर थाने बुलाया।
थाने में पुलिस की मौजूदगी में ऑटो चालक संतोष ने महिला को उनका बैग सुरक्षित सौंप दिया। बैग में रखा जेवरात और अन्य सामान सही-सलामत देखकर महिला की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। उन्होंने ऑटो चालक की ईमानदारी की सराहना करते हुए उसका आभार व्यक्त किया।
यह घटना सिर्फ खोया हुआ सामान मिलने की कहानी नहीं, बल्कि समाज को यह संदेश भी देती है कि ईमानदारी और मानवीय मूल्यों की पहचान आज भी लोगों के दिलों में जीवित है। वहीं पुलिस और आमजन के बीच बेहतर समन्वय का भी यह एक सकारात्मक उदाहरण बनकर सामने आया है।















