डीएम आलोक कुमार ने गो-शालाओं की व्यवस्थाओं की समीक्षा की
गोवंशों के बेहतर संरक्षण और साफ-सफाई पर जोर, अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
संतकबीरनगर। जिलाधिकारी आलोक कुमार की अध्यक्षता में जनपद में संचालित 12 गो-आश्रय स्थलों के सुचारू संचालन एवं व्यवस्थाओं को सुदृढ़ बनाने के लिए कैंप कार्यालय में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में सभी गो-आश्रय स्थलों के नोडल अधिकारी एवं पशु चिकित्साधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने सभी 12 गो-आश्रय स्थलों की स्थिति की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को कमियों को शीघ्र दूर करने और गोवंशों के बेहतर भरण-पोषण एवं संरक्षण की जिम्मेदारी सौंपी। उन्होंने कहा कि गो-शालाओं में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी व्यवस्थाएं मानकों के अनुरूप सुनिश्चित की जाएं।
डीएम आलोक कुमार ने निर्देश दिया कि प्रत्येक गौशाला में छोटे और बीमार गोवंशों को अलग रखने के लिए अतिरिक्त शेड बनाए जाएं। साथ ही साफ-सफाई की व्यवस्था मजबूत करने के लिए विकासखंड स्तर पर सफाई कर्मियों की टीम गठित कर रोस्टर के अनुसार नियमित सफाई कराई जाए।
उन्होंने छोटे गोवंशों के लिए पानी और चारे की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने हेतु तसले, छोटे ड्रम एवं अतिरिक्त चरही निर्माण कराने के निर्देश भी दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि सभी गौशालाओं में चूना, गुड़ और नमक की पर्याप्त उपलब्धता बनाए रखी जाए तथा प्रत्येक आश्रय स्थल पर हैंडपंप की व्यवस्था अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए।
बैठक में उप जिलाधिकारी खलीलाबाद को निर्देशित किया गया कि जिगिना एवं शिवापार क्षेत्र के आसपास गोचर और ग्राम समाज की भूमि चिन्हित कर वहां हरे चारे के उत्पादन की व्यवस्था कराई जाए, जिससे गोवंशों के लिए पर्याप्त चारा उपलब्ध हो सके।
डीएम ने एसएफसी पूलिंग कराकर ग्राम पंचायतों में धनराशि की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए, ताकि केयरटेकरों के मानदेय और गौशालाओं की अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं का संचालन सुचारू रूप से किया जा सके।
बैठक में मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. एस.के. तिवारी सहित पशु चिकित्साधिकारी और संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।















