पंचायत योजनाओं की समीक्षा में सख्त दिखे उपनिदेशक पंचायत, लापरवाही पर वेतन रोकने की चेतावनी
गोरखपुर। उपनिदेशक पंचायत गोरखपुर मंडल की अध्यक्षता में गुरुवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से मंडल के सभी जिलों के जिला पंचायत राज अधिकारियों, सहायक विकास अधिकारियों (पंचायत), जिला परियोजना प्रबंधकों, जिला कंसलटेंट तथा डिजिटल लाइब्रेरी स्थापना से जुड़े वेंडरों के साथ समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में पंचायत विभाग की विभिन्न योजनाओं और निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
बैठक में 6वें वित्त आयोग पोर्टल पर डाटा फीडिंग की समीक्षा के दौरान जनपद देवरिया की प्रगति सबसे खराब पाई गई। इस पर उपनिदेशक पंचायत ने नाराजगी जताते हुए सभी सहायक विकास अधिकारियों को जल्द डाटा फीडिंग पूर्ण कराने के निर्देश दिए और चेतावनी दी कि लापरवाही की स्थिति में वेतन बाधित किया जाएगा।
समीक्षा के दौरान वर्ष 2025-26 के बहुउद्देशीय पंचायत भवन और अंत्येष्टि स्थल निर्माण कार्यों को 25 दिनों के भीतर शत-प्रतिशत पूर्ण कर पोर्टल पर अपडेट करने के निर्देश दिए गए। साथ ही वित्तीय वर्ष 2026-27 के प्रस्ताव एक सप्ताह के भीतर निदेशालय को भेजने को कहा गया।
डिजिटल लाइब्रेरी स्थापना की समीक्षा में संबंधित वेंडरों को निर्देशित किया गया कि एक सप्ताह के भीतर ग्राम पंचायतों में पुस्तकें और चेयर की सप्लाई पूरी करें। वहीं जिला पंचायत राज अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि जहां सप्लाई पूरी हो चुकी है, वहां वेंडरों का भुगतान तत्काल किया जाए।
बैठक में पंचायत उत्सव भवन, पंचायत भवनों के माध्यम से सीएससी सेवाओं के संचालन, पंचायत सहायकों की उपस्थिति तथा ओएसआर पोर्टल पर क्यूआर कोड के माध्यम से धनराशि जमा कराने जैसे मुद्दों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों को पंचायत सहायकों की प्रतिदिन समीक्षा करने तथा प्रत्येक ग्राम पंचायत में कम से कम एक सीएससी सेवा शुरू कराने के निर्देश दिए गए।
स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के अंतर्गत आईएचएचएल आवेदन निस्तारण, जियो टैगिंग, एफएसटीपी यूनिट निर्माण, प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट और बायोगैस प्लांट को जल्द फंक्शनल करने के निर्देश भी दिए गए। उपनिदेशक पंचायत ने सभी जनपदों को एफएसटीपी निर्माण के लिए शीघ्र भूमि प्रस्ताव भेजने को कहा।
बैठक के अंत में सभी अधिकारियों को योजनाओं की प्रगति में तेजी लाने और समयबद्ध तरीके से कार्य पूर्ण कराने के निर्देश दिए गए।















