31 माह में 72 नाबालिग गुमशुदा, 8 किशोरियों का अब तक नहीं चला पता।

31 माह में 72 नाबालिग गुमशुदा, 8 किशोरियों का अब तक नहीं चला पता।

 

संतकबीरनगर। जिले में पिछले 31 महीनों में 72 नाबालिग गुमशुदा हुए, जिनमें से 8 किशोरियों का अभी तक पता नहीं चल सका। पीड़ित परिवार थानों से लेकर पुलिस अधीक्षक (एसपी) कार्यालय तक चक्कर काट रहे हैं। एसपी संदीप कुमार मीना ने मामले की गंभीरता को देखते हुए विवेचकों की प्रगति की समीक्षा शुरू कर दी है।

 

वर्ष 2023 में 36 नाबालिग गुमशुदा हुए, जिन्हें पुलिस ने बरामद कर लिया। वर्ष 2024 में 21 नाबालिग लापता हुए, जिनमें 17 को ढूंढ लिया गया, लेकिन 4 किशोरियों का पता नहीं चला। वर्ष 2025 में अब तक 15 नाबालिग (8 किशोरियां, 7 किशोर) गुमशुदा हुए, जिनमें 4 किशोरियों का अभी तक कुछ अता-पता नहीं है। पीड़ित परिवारों की व्यथा देखते हुए एसपी फरियादियों के सामने संबंधित थानाध्यक्षों से बात करते हैं और विवेचकों से प्रगति की जानकारी लेते हैं।

 

मनोवैज्ञानिक डॉ. मंजू मिश्रा का कहना है कि एकल परिवारों में संवाद और अनुशासन की कमी के कारण किशोर-किशोरियां स्मार्टफोन के जरिए फेसबुक, इंस्टाग्राम जैसे प्लेटफॉर्म्स पर अजनबियों से दोस्ती कर गलत रास्ते पर जा रहे हैं। संयुक्त परिवारों में यह समस्या कम थी।

 

एसपी संदीप कुमार मीना ने बताया कि गुमशुदा नाबालिगों को ढूंढने के लिए पुलिस हरसंभव प्रयास कर रही है। अधिकांश को बरामद कर लिया गया है, और शेष की तलाश जारी है। उन्होंने एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (एएचटीयू) थाने के लिए अलग भवन और बेहतर संसाधनों का प्रस्ताव तैयार करने की बात कही।

 

हालांकि, 30 सितंबर 2020 को राज्यपाल द्वारा स्वीकृत एएचटीयू थाना, जो मानव तस्करी और बाल श्रम पर अंकुश लगाने के लिए स्थापित किया गया था, वर्तमान में एसपी कार्यालय के एक छोटे कमरे में संचालित हो रहा है। चार साल बीतने के बावजूद इस थाने में एक भी एफआईआर दर्ज नहीं हुई। नियम के मुताबिक, 45 दिन तक गुमशुदा बच्चे की बरामदगी न होने पर प्रकरण एएचटीयू को हस्तांतरित होना चाहिए, लेकिन जिले में यह प्रक्रिया लागू नहीं हो रही। यह स्थिति गंभीर चिंता का विषय है।

Previous articleशशि प्रकाश गोयल बने यूपी के नए मुख्य सचिव, योगी के भरोसेमंद अधिकारी को मिली जिम्मेदारी।
Next articleघायल नीलगाय का इलाज शुरू, डॉ. सतेंद्र चौधरी की त्वरित पहल.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here