मुख्य सचिव ने लिया गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे उद्घाटन की सुरक्षा का जायजा।
गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह ने 20 जून को होने वाले गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे के उद्घाटन से पहले सुरक्षा व्यवस्थाओं की समीक्षा के लिए वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए गोरखपुर मंडल के अधिकारियों के साथ बैठक की। गोरखपुर मंडलायुक्त सभागार में मंडलायुक्त अनिल ढींगरा, डीआईजी एस. चन्नाप्पा, जिलाधिकारी कृष्ण करुणेश और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राजकरन नय्यर को निर्देश दिए कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के दौरे और उद्घाटन समारोह के दौरान सुरक्षा में कोई कोताही बर्दाश्त नहीं होगी।
मुख्य सचिव ने कहा कि मुख्यमंत्री आजमगढ़ के सालारपुर में गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे का उद्घाटन कर जनसभा को संबोधित करेंगे। इसके बाद वे 91.35 किलोमीटर लंबे इस एक्सप्रेस-वे से खजनी थाना क्षेत्र के भगवानपुर टोल प्लाजा पहुंचेंगे, जहां दूसरा उद्घाटन समारोह होगा। पूरे रूट पर सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रखने के निर्देश दिए गए। यह एक्सप्रेस-वे पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे से जुड़कर गोरखपुर और आजमगढ़ के बीच यात्रा को मात्र 3 से 3.5 घंटे में संभव बनाएगा।
20 जून को होने वाले इस भव्य उद्घाटन के बाद मुख्यमंत्री गोरखनाथ मंदिर में दर्शन करेंगे। अगले दिन 21 जून को वे भटहट के पिपरी में नवनिर्मित आयुष विश्वविद्यालय का निरीक्षण करेंगे और उद्घाटन की तैयारियों की समीक्षा करेंगे। यह विश्वविद्यालय पूर्वांचल में आयुर्वेद और स्वास्थ्य शिक्षा को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
91.35 किलोमीटर लंबा यह एक्सप्रेस-वे, जिसका निर्माण 5876.67 करोड़ रुपये की लागत से हुआ, न केवल यातायात को सुगम बनाएगा, बल्कि कृषि, वाणिज्य, उद्योग और पर्यटन क्षेत्रों में विकास को गति देगा। प्रशासन और स्थानीय लोग इस ऐतिहासिक आयोजन के लिए उत्साहित हैं, और तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं। गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे पूर्वांचल के आर्थिक और सामाजिक विकास के लिए समृद्धि का नया अध्याय लिखेगा।















