वन स्टॉप सेंटर का निरीक्षण, महिलाओं की सुरक्षा और अधिकारों को मिलेगा नया बल।
रायबरेली
रायबरेली में महिलाओं की सुरक्षा और उनके विधिक अधिकारों को सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष/जनपद न्यायाधीश राजकुमार सिंह के दिशा-निर्देशन में अपर जिला जज/सचिव अनुपम शौर्य ने वन स्टॉप सेंटर, रायबरेली का निरीक्षण किया। यह सेंटर महिलाओं और बालिकाओं को हिंसा, उत्पीड़न या अन्य समस्याओं से निपटने के लिए एकीकृत सहायता प्रदान करने का महत्वपूर्ण केंद्र है।
निरीक्षण के दौरान अपर जिला जज/सचिव अनुपम शौर्य ने सेंटर मैनेजर आस्था ज्योति से सेंटर की सुविधाओं और कार्यप्रणाली के बारे में विस्तृत जानकारी प्राप्त की। आस्था ज्योति ने बताया कि वन स्टॉप सेंटर में महिलाओं को विधिक सहायता, चिकित्सा सुविधा, काउंसलिंग, और दैनिक आवश्यकताओं की वस्तुएं उपलब्ध कराई जाती हैं। यह सेंटर पीड़ित महिलाओं और बालिकाओं के लिए सुरक्षित आश्रय और त्वरित सहायता सुनिश्चित करता है।
सचिव ने सेंटर के कर्मचारियों को निर्देश दिए कि किसी भी समस्या से संबंधित प्रार्थनापत्र प्राप्त होने पर उसे तत्काल जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के कार्यालय में प्रेषित किया जाए। साथ ही, नवागंतुक बालिकाओं और महिलाओं को उनके विधिक अधिकारों, चिकित्सा सुविधा, मानसिक सहायता, और अन्य आवश्यक वस्तुओं को नियमानुसार उपलब्ध कराने की सलाह दी। उन्होंने जोर देकर कहा कि सेंटर का उद्देश्य महिलाओं को न केवल सहायता प्रदान करना है, बल्कि उन्हें सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने में भी मदद करना है।















