अवैध ई-रिक्शा पर परिवहन विभाग की सख्त कार्रवाई, बच्चों की सुरक्षा के लिए अभियान तेज।
गोरखपुर।।
गोरखपुर में बुधवार को परिवहन विभाग ने स्कूली बच्चों की सुरक्षा और यातायात नियमों के पालन को सुनिश्चित करने के लिए एक विशेष अभियान चलाया। यात्री कर अधिकारी विजय किशोर आनंद और रमापति की संयुक्त टीम ने सिविल लाइन क्षेत्र में दी पिलर्स स्कूल और एच पी चिल्ड्रन अकैडमी के आसपास अवैध रूप से संचालित डीजल चालित काले रंग के ई-रिक्शा के खिलाफ सख्त कार्रवाई की। इस अभियान के दौरान नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों पर कड़ी नजर रखी गई, जिससे यातायात व्यवस्था और बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जा सके।
अभियान के दौरान पांच डीजल चालित ऑटो-रिक्शा का चालान किया गया, जिनके ड्राइवर मौके से फरार हो गए। इसके अलावा, 14 ई-रिक्शा को विभिन्न उल्लंघनों के कारण कैंट थाना क्षेत्र के यार्ड में निरुद्ध किया गया। इनमें से कुछ ड्राइवरों के पास ड्राइविंग लाइसेंस नहीं था, कुछ के पास केवल लर्निंग लाइसेंस था, जबकि कई वाहनों के कागजात अवैध या समाप्त हो चुके थे। सबसे गंभीर मामला क्षमता से अधिक स्कूली बच्चों को ले जाने का था, जो बच्चों की सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा है।
परिवहन विभाग की इस कार्रवाई का उद्देश्य न केवल अवैध वाहनों पर नकेल कसना था, बल्कि स्कूल जाने वाले बच्चों को सुरक्षित परिवहन सुविधा प्रदान करना भी था। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ ऐसी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। यह अभियान शहर में यातायात अनुशासन को बढ़ावा देने और स्कूली बच्चों के लिए सुरक्षित आवागमन सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
स्थानीय लोगों और अभिभावकों ने इस कार्रवाई का स्वागत किया है, क्योंकि अवैध ई-रिक्शा और ओवरलोडिंग की समस्या लंबे समय से चिंता का विषय बनी हुई थी। परिवहन विभाग ने चेतावनी दी है कि सभी वाहन चालकों को वैध लाइसेंस और कागजात के साथ नियमों का पालन करना होगा, अन्यथा कठोर कार्रवाई की जाएगी। यह प्रयास गोरखपुर को एक सुरक्षित और व्यवस्थित शहर बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित हो सकता है।















