लंबित राजस्व मामलों के निस्तारण में तेजी लाने के निर्देश
एसडीएम सदर ज्ञान प्रताप सिंह ने अंश निर्धारण, वरासत, प्रमाण पत्र और न्यायालयीन मामलों की समीक्षा की
गोरखपुर। एसडीएम सदर ज्ञान प्रताप सिंह ने अधिकारियों और विभिन्न पटल प्रभारियों के साथ बैठक कर लंबित राजस्व मामलों की समीक्षा की। इस दौरान मुख्य राजस्व अधिकारी की पूर्व बैठक में दिए गए निर्देशों के अनुपालन और अब तक हुई कार्रवाई की जानकारी ली गई।
एसडीएम ने अंश निर्धारण, वरासत, आय, जाति व निवास प्रमाण पत्र, पारिवारिक सदस्यता प्रमाण पत्र और फॉर्मर रजिस्ट्री समेत विभिन्न कार्यों की प्रगति जानी। उन्होंने निस्तारित और लंबित प्रकरणों की अलग-अलग जानकारी लेते हुए देरी के कारणों की समीक्षा की। निर्देश दिया कि किसी भी प्रकरण को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए और नियमानुसार समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।
अंश निर्धारण के मामलों में राजस्व अभिलेखों और संबंधित दस्तावेजों का समुचित परीक्षण कर नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा। वरासत के मामलों में पात्र उत्तराधिकारियों के अधिकारों का सही परीक्षण करते हुए अभिलेखों को अद्यतन करने के निर्देश दिए।
प्रमाण पत्रों के लंबित आवेदनों की समीक्षा करते हुए एसडीएम ने कहा कि पात्र लोगों को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें। जांच प्रक्रिया पूरी कर समय से प्रमाण पत्र जारी किए जाएं। फॉर्मर रजिस्ट्री के शेष कार्यों में भी तेजी लाने को कहा गया।
न्यायालयीन मामलों की समीक्षा के दौरान लंबित वादों में आवश्यक रिपोर्ट और अभिलेख समय से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए, ताकि सुनवाई प्रभावित न हो। उन्होंने कहा कि राजस्व कार्यों में पारदर्शिता, समयबद्धता और जवाबदेही सुनिश्चित की जाए तथा लंबित मामलों की नियमित समीक्षा होती रहे।
बैठक में तहसीलदार सदर सत्य प्रकाश गुप्ता, नायब तहसीलदार भागीरथी सिंह, आकांक्षा पासवान, निशांत मिश्रा, नेहा राय, नीलम तिवारी और अन्नू सिंह समेत संबंधित अधिकारी और पटल प्रभारी मौजूद रहे।















