बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत जागरूकता अभियान, जिलाधिकारी की अध्यक्षता में विभिन्न स्थानों पर चलाया गया विशेष कार्यक्रम
बस्ती। महिला कल्याण विभाग उत्तर प्रदेश, लखनऊ द्वारा संचालित ‘बाल विवाह मुक्त भारत’ राष्ट्रीय अभियान के अंतर्गत 100 दिवसीय विशेष कार्यक्रम के तहत जनपद बस्ती में जोरदार जागरूकता अभियान चलाया गया। इस अभियान की अध्यक्षता जिलाधिकारी बस्ती ने की, जबकि पुलिस अधीक्षक बस्ती के निर्देशन और अपर पुलिस अधीक्षक बस्ती के नेतृत्व में प्रभारी निरीक्षक विनय कुमार पाठक (थाना ए0एच0टी0) मय टीम तथा बीना सिंह, अधिकारी बाल संरक्षण इकाई बस्ती मय टीम ने संयुक्त रूप से विभिन्न सार्वजनिक स्थानों पर अभियान संचालित किया।
अभियान के दौरान बस्ती सिटी मैरिज हाल, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, चौकी दक्षिण दरवाजा, बाबा भद्रेश्वर नाथ मंदिर सहित अन्य भीड़-भाड़ वाले स्थानों पर लोगों से सीधा संवाद किया गया। टीम ने आमजन, अभिभावकों, युवाओं और विवाह से जुड़े लोगों को बाल विवाह के दुष्प्रभावों से अवगत कराया। अभियान में जोर देकर कहा गया कि बाल विवाह न केवल बच्चों के शारीरिक, मानसिक और शैक्षिक विकास में बाधक है, बल्कि यह बाल अधिकारों का घोर उल्लंघन भी है।
प्रशासनिक टीम ने स्पष्ट रूप से बताया कि बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 के अनुसार बाल विवाह संज्ञेय और गैर-जमानती अपराध है। अधिनियम के तहत लड़के की न्यूनतम आयु 21 वर्ष तथा लड़की की न्यूनतम आयु 18 वर्ष होनी अनिवार्य है। बाल विवाह कराने या करवाने पर दोषी को 2 वर्ष तक का कठोर कारावास और 1 लाख रुपये तक का जुर्माना या दोनों दंड हो सकते हैं। अभियान में लोगों से अपील की गई कि वे बालकों और बालिकाओं की बाल्यावस्था में विवाह न कराएं तथा ऐसे किसी भी प्रयास को रोकने में सक्रिय भूमिका निभाएं।
अभियान के दौरान शासन एवं प्रशासन द्वारा जारी टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी व्यापक रूप से दी गई, जिनमें शामिल हैं:
– 1090 (महिला हेल्पलाइन)
– 1098 (चाइल्डलाइन)
– 108 (आपातकालीन सेवा)
– 112 (पुलिस आपातकालीन)
– 1076 (महिला एवं बाल विकास हेल्पलाइन)
– 181 (महिला हेल्पलाइन)
इन नंबरों पर बाल विवाह या अन्य बाल अधिकार उल्लंघन की सूचना तत्काल दर्ज कराई जा सकती है। अभियान टीम ने लोगों को आश्वस्त किया कि सूचना देने वाले की गोपनीयता पूरी तरह सुरक्षित रहेगी और त्वरित कार्रवाई की जाएगी।
यह जागरूकता अभियान जनपद बस्ती में बाल विवाह को जड़ से समाप्त करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। प्रशासन का प्रयास है कि समाज में जागरूकता फैलाकर बच्चों को बाल विवाह के कुप्रभावों से बचाया जाए और उन्हें शिक्षा, स्वास्थ्य एवं बेहतर भविष्य का अधिकार मिल सके। अभियान के दौरान लोगों ने सकारात्मक प्रतिक्रिया दी और बाल विवाह रोकने में सहयोग का वादा किया। जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक ने कहा कि ऐसे अभियान निरंतर चलाए जाएंगे ताकि बस्ती जिला पूर्ण रूप से बाल विवाह मुक्त बन सके।















