शौर्य और समर्पण का सम्मान: एसओ महुली को डीजीपी ने दिया सिल्वर मेडल।
संतकबीरनगर। 79वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर संतकबीरनगर पुलिस के शौर्य और सेवा को गौरवपूर्ण सम्मान मिला। पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) ने महुली थाने के थानाध्यक्ष (एसओ) रजनीश राय को उनके अदम्य साहस के लिए प्रशंसा चिन्ह सिल्वर मेडल से नवाजा। इसके साथ ही 11 अन्य पुलिस कर्मियों को उनकी उत्कृष्ट सेवाओं के लिए सम्मानित किया गया, जिसने जिले में पुलिस की वीरता और कर्तव्यनिष्ठा की मिसाल कायम की।
एसओ रजनीश राय, मऊ जनपद के निवासी और 2018 बैच के सब-इंस्पेक्टर, ने बेलहर थाने में तैनाती के दौरान असाधारण शौर्य दिखाया। फरवरी 2025 में बेलहर क्षेत्र में सिद्धार्थनगर के एक व्यापारी के कर्मचारियों से 6.75 लाख रुपये की सनसनीखेज लूट की घटना हुई थी। इस मामले में पूर्व एसओ नंदू गौतम को निलंबित कर रजनीश राय को 6 फरवरी 2025 को बेलहर थाने का प्रभारी बनाया गया। रजनीश ने त्वरित कार्रवाई करते हुए लुटेरों के साथ मुठभेड़ में चार अपराधियों को धर दबोचा, जिसमें एक लुटेरे के घुटने में गोली लगी। इसके अलावा, उन्होंने बेलहर क्षेत्र के शेरू हत्याकांड की गुत्थी सुलझाकर अपनी कुशलता साबित की।
डीजीपी ने मुख्य आरक्षी सशस्त्र पुलिस लाल बहादुर यादव और अयोध्या प्रसाद साहनी को सराहनीय सेवा सम्मान चिन्ह से सम्मानित किया। वहीं, भारत सरकार के गृह मंत्रालय ने एसओ धनघटा इंस्पेक्टर रामकृष्ण मिश्र (देवरिया, 2005 बैच के सब-इंस्पेक्टर और 2017 बैच के इंस्पेक्टर) को उत्कृष्ट सेवा पदक प्रदान किया। इसके अतिरिक्त, सब-इंस्पेक्टर रमेश यादव, राणा प्रताप सिंह, मजहरूल हक, अनीसुर्रहमान, मुख्य आरक्षी चालक प्रमोद सिंह, हरेंद्र कुमार यादव और हेड कांस्टेबल जय प्रकाश भारती को अति उत्कृष्ट सेवा पदक से नवाजा गया।
यह सम्मान न केवल पुलिस कर्मियों की वीरता और समर्पण का प्रतीक है, बल्कि समाज में सुरक्षा और न्याय सुनिश्चित करने के उनके अटूट संकल्प को भी दर्शाता है। इन पुलिस कर्मियों की उपलब्धियां संतकबीरनगर के लिए गर्व का विषय हैं और अन्य पुलिसकर्मियों के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं। स्वतंत्रता दिवस के इस अवसर पर इन वीरों का सम्मान पूरे जिले में देशभक्ति और कर्तव्य की भावना को और प्रज्वलित करता है।















