छह वर्ष की बच्ची के साथ दुष्कर्म के आरोपी पर लगाया रासुका।

छह वर्ष की बच्ची के साथ दुष्कर्म के आरोपी पर लगाया रासुका।

-दुधारा थाना क्षेत्र का है निवासी
-घटना से हो गई है दहशत
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उत्तर प्रदेश/ संत कबीर नगर। राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम 1980(एनएसए) की धारा 3(2) के अन्तर्गत 06 वर्ष की बच्ची के साथ दुष्कर्म के मामले में थाना दुधारा पुलिस द्वारा अभियुक्त को किया गया निरुद्ध
जनपद में मिशन शक्ति अभियान के अन्तर्गत महिलाओं पर अपराधों के रोकथाम हेतु पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर श्री सत्यजीत गुप्ता द्वारा चलाए जा रहे अभियान के अंतर्गत क्षेत्राधिकारी खलीलाबाद श्री अजीत चौहान के निकट पर्यवेक्षण में थाना दुधारा पुलिस द्वारा मु0अ0स0 346/2024 धारा 65(2)/351(2)/352 बीएनएस व 5m/6 पाक्सो एक्ट के मामले में अभियुक्त मुहम्मद नजीर उर्फ झिन्ना पुत्र शाह मुहम्मद थाना दुधारा जनपद संतकबीरनगर को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था ।
विदित हो कि उक्त अभियुक्त द्वारा दिनांक 06.09.2024 को वादिनी की नाबालिग पुत्री के साथ दुष्कर्म के संबंध में वादिनी द्वारा थाना स्थानीय पर दिनांक 07.09.2024 को अभियोग पंजीकृत कराया गया था । घटनास्थल पर थाना दुधारा व अन्य थाने की पुलिस ड्यूटी पर कई दिनों तक तैनात रही । घटनास्थल का उच्च अधिकारीगण द्वारा निरीक्षण किया गया था व सम्बन्धित को आवश्यक दिशा-निर्देश दिया गया था । इस घटना को लेकर गांव के आस पास के इलाके में लोक व्यवस्था छिन्न भिन्न हो गयी थी महिलाएं/लड़कियां अपने घरों से निकलने में असुरक्षित महसूस कर रही थी, बच्चे स्कूल कॉलेज जाने से डर रहे थे । थाना दुधारा पुलिस द्वारा महिला अपराध की संवेदनशीलता को देखते हुए त्वरित कार्यवाही कर दिनांक 07.09.2024 को उक्त अभियुक्त को जेल भेजा गया था तथा विवेचना के दौरान समुचित साक्ष्य संकलन कर आरोप पत्र प्रेषित किया |
जिलाधिकारी सन्तकबीरनगर श्री महेन्द्र सिंह तंवर द्वारा थाना दुधारा पुलिस द्वारा प्रेषित रिपोर्ट के आधार पर अभियुक्त के विरुद्ध राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम 1980 की धारा 3(2) के अन्तर्गत दिनांक 22.10.2024 को निरोधादेश पारित किया गया है ।
अत्यंत कामांध, कामपिपासु तथा दु:साहसिक व दुराचारी प्रवृति के अभियुक्त मुहम्मद नजीर उर्फ झिन्ना पुत्र शाह मुहम्मद द्वारा किये गये नाबालिग पीडिता के साथ उपरोक्त आपराधिक कृत्य से आस-पास के क्षेत्र में भय एवं आतंक का वातावरण व्याप्त होने, लोक-व्यवस्था छिन्न-भिन्न होने, लोक-व्यवस्था का अनुरक्षण कुप्रभावित होने, जिला कारागार संत कबीर नगर में निरुद्ध होने के बावजूद भी न्यायालय से जमानत पर रिहा होने हेतु अनवरत प्रयासरत होने तथा जमानत पर रिहा होने के बाद पुन: ऐसे ही क्रियाकलापों में संलिप्त होने तथा लोक-व्यवस्था कुप्रभावित करने की अधिसंभाव्यता के दृष्टिगत अभियुक्त के विरुद्ध राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम के अंतर्गत कार्यवाही की गयी|

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