मुख्यमंत्री पोर्टल पर गलत रिपोर्ट लगाने वाला लेखपाल निलंबित।

मुख्यमंत्री पोर्टल पर गलत रिपोर्ट लगाने वाला लेखपाल निलंबित।

        – शिकायकर्ता की बजाय रिपोर्ट में दूसरे को बता दिया था आवेदक

       – निलंबन की अवधि में तहसील कार्यालय से लेखपाल को किया गया संबंद्ध  

      – एसडीएम ने नायब तहसीलदार को सौंपी प्रकरण की जांच

      – महिला ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर की थी सार्वजनिक जमीन में अवैध कब्जे के प्रयास की शिकायत

       – भाजपा नेता ने डीएम को प्रार्थना पत्र देकर प्रकरण की जांच कराए जाने की मांग की थी

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 उत्तर प्रदेश.संतकबीरनगर।

मुख्यमंत्री पोर्टल पर खलीलाबाद तहसील क्षेत्र के बरी गांव में सार्वजनिक जमीन पर अवैध कब्जे के प्रयास की हुई शिकायत के मामले में गलत रिपोर्ट लगाने वाला लेखपाल निलंबित कर दिया गया। निलंबन की अवधि में लेखपाल को तहसील खलीलाबाद कार्यालय से संबंद्ध किया गया है। प्रकरण की अंतिम जांच नायब तहसीलदार प्रियंका त्रिपाठी को सौंपी गई है।  

 बरी गांव निवासी भाजपा नेता दयाराम कन्नौजिया का आरोप है कि उसके

  खलीलाबाद तहसील क्षेत्र के बरी गांव की रहने वाली शीला देवी पत्नी विजयधारी ने 14 सिंतबर को मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई थी। उनकी शिकायत है कि गांव के कुछ लोग सार्वजनिक रास्ता और खलिहान के रूप में प्रयोग की जाने वाली जमीन को हड़प लेना चाहते है। सार्वजनिक जमीन में नाली निर्माण कर अवैध कब्जा करने पर आमादा है। यदि ऐसा हुआ तो ग्रामीणों को क्षति होगी। पूर्व में उसके पति ने तहसीलदार सदर से शिकायत की थी। तहसीलदार ने अवैध अतिक्रमण करने से मना भी किया था। बावजूद इसके कुछ लोग खलिहान की जमीन में अवैध कब्जा करने पर आमादा है। मना करने पर फौजदारी करने को उतारू हो जाते है। इसी प्रकरण में बरी गांव निवासी एवं भाजपा नेता दयाराम कन्नौजिया ने डीएम को पत्र देकर आरोप लगाया था कि क्षेत्रीय लेखपाल सोमनाथ चौहान और कानूनगों ने एसडीएम, तहसीलदार,नायब तहसीलदार के पूर्व के रिपोर्ट में ओवर राइटिंग करके 22 अक्तूबर 2024 की तिथि दर्शा कर शिकायतकर्ता शीला देवी के आवेदन पर जो रिपोर्ट लगाई है,उसमें नंद किशोर और विरेंद्र को शिकायकर्ता बता कर निस्तारित दिखा दिया है। आरोप है कि 22 अक्तूबर की तिथि जो रिपोर्ट में दर्शायी है,उक्त तिथि अभी बाद में आएगा। प्रकरण की जांच करा कर संबंधित कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। डीएम महेंद्र सिंह तंवर ने एसडीएम शैलेश दूबे को प्रकरण की जांच कराए जाने का निर्देश दिया था। एसडीएम ने प्रकरण की प्रारंभिक जांच कराई तो शिकायत सही पाई गई। एसडीएम ने लेखपाल सोमनाथ चौहान को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।

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   बरी गांव के प्रकरण में लेखपाल सोमनाथ चौहान ने शिकायतकर्ता शीला देवी की जगह दूसरे लोगों को आवेदक बता कर गलत रिपोर्ट लगा दिया है। इतना ही नही 22 अक्तूबर की तिथि में निस्तारण करना रिपोर्ट में दर्शाया है। उक्त आरोप में आरोपित करते हुए लेखपाल को तत्काल प्रभाव से निलंबित करते हुए तहसील कार्यालय से संबंद्ध कर दिया गया है। प्रकरण की अंतिम जांच नायब तहसीलदार प्रियंका त्रिपाठी को जांच अधिकारी नामित किया गया है।     

— शैलेश दूबे,

 एसडीएम खलीलाबाद

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