–110 साल के बुजुर्ग की सफल हुई कूल्हे की सर्जरी।
-शाही ग्लोबल हॉस्पिटल के चिकित्सकों ने किया कूल्हे का प्रत्यारोपण ।

उत्तर प्रदेश । गोरखपुर। गोरखपुर स्थित शाही ग्लोबल हॉस्पिटल के चिकित्सकों ने 110 साल के बुजुर्ग के कूल्हे का सफल प्रत्यारोपण कर चिकित्सा के क्षेत्र में ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की।सर्जरी के बाद जहॉ बुजुर्ग स्वस्थ है वहीं शहर और आसपास के इलाके में इस बात की चर्चा तेज है कि शाही ग्लोबल हॉस्पिटल के चिकित्सकों ने चमत्कार कर दिखाया है।
बताते चलें कि सिवान बिहार के रहने वाले 110 वर्षीय मोहम्मद आदिल को चोट लगने से दाहिने कुल्हे की हड्डी टूट गई थी। उम्र काफी ज्यादा होने की वजह से उनका ऑपरेशन करने से डॉक्टर कतरा रहे थे। सिवान के रहने वाले एक चिकित्सक के सलाह पर उन्हें गोरखपुर शाही ग्लोबल हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। जांच के बाद कुशल चिकित्सकों की टीम ने शनिवार को उनके कूल्हे का सफल प्रत्यारोपण किया।सर्जरी के लिए चिकित्सकों की टीम में हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉक्टर मनमोहन बरनवाल,सर्जन डॉक्टर शिव शंकर शाही और एनेस्थीसिया के डॉक्टर भूपेंद्र प्रताप सिंह शामिल रहे।चिकित्सकों ने बताया कि बुजुर्ग के कूल्हे का आपरेशन सफल रहा।अब बिल्कुल स्वस्थ हैं और परिजनो से बातचीत कर रहे हैं। शाही ग्लोबल हॉस्पिटल के निदेशक शिव शंकर शाही ने बताया कि आज के दौर में मेडिकल साइंस ने इतनी प्रगति कर ली है कि अब किसी भी तरह के ऑपरेशन के लिए मौसम और उम्र के कोई मयने नहीं रह गए हैं।आयुष्मान कार्ड योजना के चलते अब चिकित्सा हर व्यक्ति की पहुंच में है। गोरखपुर जैसे शहर में अब जटिल से जटिल बीमारियों के ऑपरेशन की सुविधा उपलब्ध है। हार्ट सर्जरी,एंजियोप्लास्टी ,ब्रेन ट्यूमर ,प्लास्टिक सर्जरी हो,लेजर सर्जरी हो,दूरबीन विधि से सर्जरी हर तरह की सुविधा अब अपने शहर में उपलब्ध है।आज गोरखपुर विश्व पटल पर चिकित्सा के क्षेत्र में स्थापित हो रहा है।विकास,व्यापार के साथ ही चिकित्सा अनुसंधान के क्षेत्र में भी शहर काफी आगे है।अब शहर और आसपास के लोग कई संक्रामक बीमारियों से निजात पा चुके हैं।माफिया और अन्य परेशानी से भी लोग मुक्त हो गए हैं।आज हर व्यक्ति विकास की दौड़ में शामिल दिखाई दे रहा है।जल्द ही अपना शहर चिकित्सा,शिक्षा और विकास में विश्व पटल पर अपनी उपस्थिति दर्ज कराएगा।















