ग्राम प्रहरी पुलिस व्यवस्था की मजबूत कड़ी, आपकी सतर्कता से सुरक्षित रहेंगे गांव : मंडलायुक्त
सीएम योगी ने मानदेय 2500 से बढ़ाकर 3500 रुपये करने और पांच लाख तक कैशलेस इलाज की घोषणा की
गोरखपुर। पुलिस लाइन में आयोजित ग्राम प्रहरी सम्मेलन में मंडलायुक्त इंद्र विक्रम सिंह ने ग्राम प्रहरियों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि वे पुलिस व्यवस्था का अभिन्न हिस्सा हैं। गांवों में शांति व्यवस्था बनाए रखने और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना पुलिस तक पहुंचाने में उनकी सतर्कता अहम है। सम्मेलन में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बरेली से ऑनलाइन जुड़े और ग्राम प्रहरियों का मानदेय बढ़ाने सहित चिकित्सा सुविधा की घोषणा की।
मंडलायुक्त ने अलीगढ़ में जिलाधिकारी रहते हुए हुई एक घटना का जिक्र कर ग्राम प्रहरियों की सतर्कता और स्थानीय सूचना तंत्र के महत्व को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि गांवों की परिस्थितियों से परिचित ग्राम प्रहरी समय पर सूचना देकर पुलिस की मदद कर सकते हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ग्राम प्रहरियों का मानदेय 2500 रुपये से बढ़ाकर 3500 रुपये प्रतिमाह करने और प्रदेश के 68 हजार ग्राम प्रहरियों को पांच लाख रुपये तक की कैशलेस चिकित्सा सुविधा देने की घोषणा की। उन्होंने ग्राम प्रहरियों से टीम भावना के साथ काम करने और गांवों में होने वाली गतिविधियों की जानकारी संबंधित थाने तक पहुंचाने की अपील की।
सम्मेलन में एडीजी जोन रामकुमार ने मिशन शक्ति अभियान के तहत महिला सुरक्षा, सम्मान और सशक्तीकरण में योगदान देने वाली महिला उपनिरीक्षकों और कांस्टेबलों को सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि महिलाओं और बालिकाओं को सुरक्षा का भरोसा दिलाने, उन्हें अधिकारों के प्रति जागरूक करने और जरूरत पड़ने पर पुलिस सहायता उपलब्ध कराने में महिला पुलिसकर्मियों की भूमिका महत्वपूर्ण है।
कार्यक्रम में ग्रामीण विधायक विपिन सिंह, खजनी विधायक श्रीराम चौहान, डीआईजी रेंज एस. चनप्पा, जिलाधिकारी दीपक मीणा, एसएसपी डॉ. कौस्तुभ सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। सम्मेलन में करीब 500 ग्राम प्रहरियों ने हिस्सा लिया















