संचारी रोगों की रोकथाम में लापरवाही पर सख्त मंडलायुक्त
बैठक में एम्स का प्रतिनिधि नहीं पहुंचने पर जताई नाराजगी, निदेशक और स्वास्थ्य सचिव को लिखा जाएगा पत्र
गोरखपुर। जापानी इंसेफेलाइटिस (जेई), एक्यूट इंसेफेलाइटिस सिंड्रोम (एईएस) और अन्य संचारी रोगों की रोकथाम को लेकर मंगलवार को मंडलायुक्त सभागार में मंडल स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक हुई। मंडलायुक्त इंद्र विक्रम सिंह ने अभियान को प्रभावी बनाने के लिए सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय और समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए।
बैठक में एम्स गोरखपुर का कोई प्रतिनिधि शामिल नहीं होने पर मंडलायुक्त ने नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि संचारी रोगों की रोकथाम सामूहिक जिम्मेदारी है। इसमें सभी संबंधित विभागों और चिकित्सा संस्थानों की भागीदारी जरूरी है। एम्स की अनुपस्थिति के मामले में निदेशक और स्वास्थ्य सचिव को पत्र लिखकर प्रकरण शासन के संज्ञान में लाया जाएगा।
मंडलायुक्त ने कहा कि जेई, एईएस और वेक्टर जनित रोगों पर नियंत्रण के लिए केवल उपचार ही नहीं, बल्कि बचाव के उपायों पर भी विशेष ध्यान देना होगा। साफ-सफाई, जलभराव की रोकथाम, स्वच्छ पेयजल, मच्छरों के प्रजनन स्थलों को नष्ट करने और लोगों को जागरूक करने के लिए समन्वित प्रयास किए जाएं।
उन्होंने विशेष संचारी रोग नियंत्रण एवं दस्तक अभियान के तहत ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में नियमित निगरानी, संभावित मरीजों की समय से पहचान और स्वास्थ्य संबंधी जानकारी लोगों तक पहुंचाने के निर्देश दिए। साथ ही सभी विभागों को अपनी जिम्मेदारियों का गंभीरता से निर्वहन करने और अभियान की नियमित समीक्षा करने को कहा।















