महिला अपराधों की विवेचना में लापरवाही पर धनघटा के चार विवेचकों की जांच के आदेश
गैंगस्टर व महिला अपराधों की समीक्षा, सावन पर्व को लेकर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी करने के निर्देश
संतकबीरनगर।
पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना ने मंगलवार को पुलिस कार्यालय में गैंगस्टर अधिनियम एवं महिला संबंधी अपराधों की लंबित विवेचनाओं की समीक्षा के लिए अर्दली रूम आयोजित किया। समीक्षा के दौरान महिला अपराधों की विवेचना में लापरवाही पाए जाने पर थाना धनघटा के चार विवेचकों के विरुद्ध प्रारंभिक जांच के आदेश दिए गए।
बैठक में तीनों क्षेत्राधिकारी, सभी थाना प्रभारी, विवेचक, हेड मोहर्रिर तथा संबंधित पुलिसकर्मी मौजूद रहे। एसपी ने हत्या, दहेज हत्या, दुष्कर्म, अपहरण, छेड़खानी तथा भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं से जुड़े लंबित मामलों की बिंदुवार समीक्षा करते हुए समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण विवेचना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने वैज्ञानिक साक्ष्य संकलन, गवाहों के समय पर बयान दर्ज कराने तथा आधुनिक डिजिटल तकनीकों के प्रभावी उपयोग पर विशेष बल दिया। साथ ही यक्ष ऐप, ई-समन और एस-आईडी प्रणाली के अधिकतम उपयोग के निर्देश भी दिए, ताकि विवेचनाओं का त्वरित एवं पारदर्शी निस्तारण हो सके।
महिला अपराधों की जांच में लापरवाही मिलने पर थाना धनघटा के चार विवेचकों के खिलाफ प्रारंभिक जांच के आदेश देते हुए एसपी ने स्पष्ट कहा कि विवेचना कार्य में किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने थाना प्रभारियों को अधीनस्थ विवेचकों के कार्यों की नियमित समीक्षा करने और लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए।
बैठक में आगामी सावन पर्व को लेकर कानून-व्यवस्था की भी समीक्षा की गई। एसपी ने संवेदनशील स्थलों पर विशेष निगरानी, पैदल गश्त बढ़ाने, निरोधात्मक कार्रवाई करने, असामाजिक तत्वों पर कड़ी नजर रखने तथा जनप्रतिनिधियों एवं संभ्रांत नागरिकों से निरंतर संवाद बनाए रखने के निर्देश दिए।
पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना ने कहा कि महिला अपराधों और संगठित अपराधों में त्वरित, निष्पक्ष एवं गुणवत्तापूर्ण विवेचना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। दोषियों के विरुद्ध प्रभावी अभियोजन सुनिश्चित कर पीड़ितों को समयबद्ध न्याय दिलाने के लिए हर स्तर पर गंभीरता से कार्रवाई की जाएगी।















