77वें गणतंत्र दिवस पर कुशीनगर में भव्य संयुक्त सांस्कृतिक समारोह
राज्य मंत्री विजयलक्ष्मी गौतम ने फहराया तिरंगा, छात्रों की झांकियों और प्रस्तुतियों ने बांधा सबका ध्यान
कुशीनगर। 26 जनवरी को 77 वें गणतंत्र दिवस के शुभ अवसर पर पुलिस लाइन या मुख्य मैदान में पुलिस और जिला प्रशासन द्वारा संयुक्त रूप से एक भव्य एवं उत्साहपूर्ण सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश सरकार की माननीय राज्य मंत्री श्रीमती विजयलक्ष्मी गौतम, जिलाधिकारी महेन्द्र सिंह तंवर, पुलिस अधीक्षक केशव कुमार सहित अन्य जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और गणमान्य नागरिकों की गरिमामयी उपस्थिति ने समारोह को और भी यादगार बना दिया।
कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रीय ध्वज फहराने के साथ हुई, जिसके बाद राष्ट्रगान की धुन पर पूरा परिसर देशभक्ति की लहरों से गुंजायमान हो उठा। इस अवसर पर विभिन्न स्कूलों के छात्र-छात्राओं द्वारा देशप्रेम से ओतप्रोत सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी गईं। विविध झांकियों का शानदार प्रदर्शन किया गया, जिनमें स्वतंत्रता संग्राम, संविधान के मूल्य, एकता-अखंडता, महिला सशक्तिकरण, पर्यावरण संरक्षण और डिजिटल इंडिया जैसे विषयों को जीवंत रूप से दर्शाया गया। इन झांकियों और नृत्य-गायन की प्रस्तुतियों ने दर्शकों का मन मोह लिया तथा सभी में गणतंत्र के आदर्शों के प्रति नई ऊर्जा का संचार किया।
सांस्कृतिक कार्यक्रम के सफल समापन के बाद मुख्य अतिथि श्रीमती विजयलक्ष्मी गौतम, जिलाधिकारी महेन्द्र सिंह तंवर और पुलिस अधीक्षक केशव कुमार ने प्रतिभागी छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और अन्य कलाकारों को उनके उत्साहपूर्ण योगदान के लिए नगद पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया। यह पुरस्कार न केवल प्रतिभागियों के हौसले को बढ़ाने वाला था, बल्कि नई पीढ़ी में राष्ट्रप्रेम और सृजनात्मकता को प्रोत्साहित करने का भी माध्यम बना।
अपने संबोधन में मुख्य अतिथि ने गणतंत्र दिवस को लोकतंत्र की जीवंतता और संविधान की शक्ति का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन युवाओं को देश की सांस्कृतिक धरोहर से जोड़ते हैं और उन्हें राष्ट्र निर्माण में योगदान देने के लिए प्रेरित करते हैं। जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने भी कुशीनगर में कानून-व्यवस्था की मजबूती, सामाजिक समरसता और विकास कार्यों की सराहना की तथा सभी से संविधान के मूल्यों पर चलने का आह्वान किया।
यह संयुक्त कार्यक्रम कुशीनगर जिले में प्रशासन, पुलिस और शिक्षा जगत के बेहतर समन्वय का जीता-जागता उदाहरण साबित हुआ। समारोह पूर्णतः अनुशासित, भावुक और देशभक्ति से परिपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ, जिसने सभी उपस्थितों में गणतंत्र के प्रति गहन सम्मान और गर्व की भावना जागृत की।















