एसआईआर मैपिंग पर प्रशासन का स्पष्टीकरण: 2.83 लाख मतदाताओं को नोटिस, नाम कटने की अफवाहों पर डीएम ने लगाया विराम
गोरखपुर। विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया को लेकर जनपद में फैल रही आशंकाओं और अफवाहों के बीच जिलाधिकारी/जिला निर्वाचन अधिकारी दीपक मीणा ने प्रेस वार्ता कर स्थिति पूरी तरह स्पष्ट कर दी। डीएम ने साफ कहा कि एसआईआर मैपिंग न हो पाने के कारण 2 लाख 83 हजार मतदाताओं को नोटिस भेजा गया है, लेकिन इसका अर्थ किसी भी मतदाता का नाम काटा जाना नहीं है।
उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि प्रशासन की मंशा केवल सत्यापन की है, किसी भी पात्र मतदाता का नाम हटाने का सवाल ही नहीं उठता। हर योग्य मतदाता का नाम मतदाता सूची में सुरक्षित रहेगा। डीएम ने कहा कि नोटिस से घबराने की कोई जरूरत नहीं है। जिन मतदाताओं को नोटिस मिला है, वे अपने संबंधित तहसील में तैनात पीठासीन अधिकारी को नोटिस का जवाब दे सकते हैं। इसके लिए मतदाता का स्वयं उपस्थित होना अनिवार्य नहीं है। आवश्यक प्रपत्रों के साथ किसी भी व्यक्ति के माध्यम से जवाब भिजवाया जा सकता है।
डीएम ने बताया कि एसआईआर में जिन मतदाताओं के नाम किसी कारणवश छूट गए हैं, वे अनिवार्य रूप से फॉर्म-6 भरें। वर्ष 2003 की मतदाता सूची से जिनका मैपिंग नहीं हो पा रहा है, उन्हें निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित दस्तावेजों में से किसी एक वैध प्रपत्र के आधार पर फॉर्म भरने की सुविधा दी गई है। ऐसे किसी भी मतदाता को परेशान नहीं किया जाएगा।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि ड्रॉप लिस्ट में शामिल मतदाताओं का पता पहले जैसा ही रहेगा। उसमें किसी प्रकार का परिवर्तन नहीं किया गया है। पूरी प्रक्रिया केवल सत्यापन के उद्देश्य से चल रही है।
मतदाताओं की सुविधा के लिए प्रशासन ने ऑनलाइन प्रक्रिया को और सरल किया है। डीएम ने बताया कि मतदाता घर बैठे ऑनलाइन फॉर्म भर सकते हैं। किसी भी प्रकार की जानकारी या सहायता के लिए टोल फ्री नंबर 1950 पर संपर्क किया जा सकता है। बीएलओ भी लगातार अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय हैं।
अब तक के आंकड़े
डीएम ने प्रेस वार्ता में बताया कि शनिवार तक जनपद में 76,750 मतदाताओं ने फॉर्म-6, 1,294 मतदाताओं ने फॉर्म-7 और 2,200 मतदाताओं ने फॉर्म-8 भर चुके हैं। उन्होंने बताया कि 30 और 31 जनवरी को सभी बीएलओ अपने-अपने मतदान केंद्रों पर उपस्थित रहेंगे, जहां मतदाताओं की समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया जाएगा। जो मतदाता 6 फरवरी तक फॉर्म जमा कर देंगे, उनका नाम ड्राफ्ट मतदाता सूची में शामिल हो जाएगा।
डीएम ने कहा कि फॉर्म-6 को 6 फरवरी के बाद भी ऑनलाइन भरा जा सकता है। इसलिए अंतिम तिथि को लेकर किसी प्रकार की अफवाह या भ्रम में न पड़ें। उन्होंने विशेष अपील करते हुए कहा कि 18 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुके युवा मतदाता और अब तक छूटे हुए पात्र नागरिक अनिवार्य रूप से फॉर्म-6 भरें, ताकि उनका नाम मतदाता सूची में शामिल हो सके।
प्रेस वार्ता में उप जिला निर्वाचन अधिकारी/अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) विनीत कुमार सिंह तथा सहायक निर्वाचन अधिकारी उमेश मिश्रा भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने भी भरोसा दिलाया कि निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुसार पूरी प्रक्रिया पारदर्शी, सरल और मतदाता हितैषी है।
डीएम ने मतदाताओं से अपील की कि अफवाहों से दूर रहें, समय रहते दस्तावेज पूरे करें और लोकतंत्र को मजबूत बनाने में प्रशासन का सहयोग करें।















