कीटनाशक दुकानों पर छापेमारी, 28 प्रतिष्ठान जांचे—9 नमूने भरे
संतकबीरनगर। जनपद में कीटनाशक व खरपतवारनाशी दवाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। शासन के निर्देश पर जिलाधिकारी के आदेशानुसार कृषि विभाग और प्रशासन की संयुक्त टीमों ने तीनों तहसीलों में औचक छापेमारी कर दुकानों की गहन जांच की।
जिला कृषि रक्षा अधिकारी डॉ. सर्वेश कुमार यादव ने बताया कि मेहदावल, खलीलाबाद और धनघटा तहसीलों में गठित टीमों ने कुल 28 दुकानों का निरीक्षण किया। इस दौरान खलीलाबाद में 10 दुकानों से 3, मेहदावल में 10 दुकानों से 5 और धनघटा में 8 दुकानों से 1 कीटनाशक दवा के नमूने लिए गए।
निरीक्षण के दौरान बेलहरकला स्थित एक प्रतिष्ठान में अभिलेख अपूर्ण पाए जाने पर नोटिस जारी किया गया। टीमों ने विभिन्न प्रतिष्ठानों पर दवाओं के स्टॉक, गुणवत्ता और अभिलेखों की बारीकी से जांच की।
कार्रवाई के दौरान थायमेथॉक्सम, क्लोरोपायरीफॉस + साइपरमेथ्रिन, कार्बेंडाजिम + मैनकोजेब, लैम्ब्डा सायहैलोथ्रिन सहित विभिन्न कीटनाशक दवाओं के नमूने संग्रहित किए गए। इसके साथ ही खाद के 4 और बीज के 3 नमूने भी लिए गए हैं।
जिला कृषि रक्षा अधिकारी ने बताया कि सभी नमूनों को परीक्षण के लिए प्रयोगशाला भेजा जा रहा है। यदि कोई नमूना अमानक पाया गया तो संबंधित के खिलाफ कीटनाशक अधिनियम के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जनपद में खाद, बीज और कीटनाशक की दुकानों पर गुणवत्ता नियंत्रण और कालाबाजारी रोकने के लिए ऐसी छापेमारी आगे भी लगातार जारी रहेगी।















