स्वाइन फ्लू को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट, तैयारी में जुटा
जांच के लिए किट आदि की व्यवस्था उपलब्ध, लक्षण मिलने पर होगी मरीजों की जांच
संतकबीरनगर। कई जिलों में स्वाइन फ्लू के मरीज मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग अलर्ट हो गया है।जिला अस्पताल, सीएचसी और पीएचसी को अलर्ट कर दिया गया है। इसके साथ ही किट आदि तैयार की गई है। जरूरत के अनुसार वार्ड बनाया जाएगा। मरीजों में लक्षण मिलने पर जांच कराई जाएगी।
जिले में इस समय इंफ्लूएंजा, डेंगू, वायरल आदि बीमारियों का प्रकोप है। इस बीच प्रदेश में स्वाइन फ्लू ने दस्तक दे दी है, जिससे लोगों की चिंता बढ़ गई है। प्रदेश के कई जिलों में मरीज मिलने के बाद सतर्कता बढ़ाई जा रही है। इस समय जिले में सर्दी, खांसी, जुकाम, बुखार एवं सांस लेने की समस्या से लोग पीड़ित हो रहे हैं। जिला अस्पताल में आने वाले 60 से 70 प्रतिशत तक मरीजों में ऐसे लक्षण मिल रहे हैं।
प्रदेश में स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों के बाद जिला अस्पताल में लक्षण वाले मरीजों की जांच के लिए चिकित्सकों को निर्देश जारी किए गए हैं।
स्वाइन फ्लू के लक्षण।
-खांसी, सर्दी, जुकाम व नाक बहना।
-सांस लेने में तकलीफ होना।
-कमजोरी, बेचैनी व चिड़चिड़ापन महसूस होना।
-आलस आना, बेहोश हो जाना अथवा ठीक से खड़े न हो पाना।
-लंबे समय तक तेज बुखार।
-सीने, गले अथवा पेट में दर्द होना।
-गले में खराश या उल्टी-दस्त की शिकायत।
-भूख न लगना, कफ बनना।
– भ्रम की स्थिति उत्पन्न होना।
सावधानी
-छींकते समय टिस्यू पेपर से नाक को ढकें और फिर उस पेपर को सावधानी से नष्ट कर दें।
-अपने हाथों को लगातार साबुन से धोते रहें। घर, ऑफिस के दरवाजों के हैंडल, कीबोर्ड, मेज आदि साफ करते रहें।
-यदि आपको जुकाम के लक्षण दिखाई दें तो घर से बाहर न जाएं और दूसरों के नजदीक न जाएं।
-बुखार ठीक होने के 24 घंटे बाद तक घर पर रहें। लगातार पानी पीते रहें ताकि डिहाइड्रेशन न हो।
-मास्क जरूर पहनें, यह प्रदूषण से बचाव में भी कारगर है।
स्वाइन फ्लू के मरीजों की निगरानी की जा रही है। वैसे अभी जिले में इस तरह का कोई मामला नहीं मिला है। जांच के लिए किट आदि उपलब्ध है। जरूरत पड़ी तो वार्ड तैयार कराया जाएगा। इसको लेकर सतर्कता बरतने की जरूरत है।
-डॉ. रामानुज कन्नौजिया, सीएमओ















