दशहरा, मिशन शक्ति और सड़क सुरक्षा पर सीएम सख्त त्योहारों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने, महिलाओं की सुरक्षा और हाईवे पर हादसे रोकने के निर्देश

दशहरा, मिशन शक्ति और सड़क सुरक्षा पर सीएम सख्त

त्योहारों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने, महिलाओं की सुरक्षा और हाईवे पर हादसे रोकने के निर्देश

गोरखपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दशहरा पर्व के दौरान सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रखने, मिशन शक्ति अभियान को प्रभावी बनाने और राष्ट्रीय राजमार्गों पर सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के निर्देश दिए। शुक्रवार को लखनऊ स्थित पांच कालिदास मार्ग से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई समीक्षा में उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने और जिम्मेदारियों के निर्वहन में लापरवाही न बरतने पर जोर दिया।

गोरखपुर के मंडलायुक्त सभागार में एडीजी जोन राम कुमार, डीआईजी रेंज एस. चन्नप्पा, मंडलायुक्त इंद्र विक्रम सिंह, जिलाधिकारी दीपक मीणा, एसएसपी डॉ. कौस्तुभ, नगर आयुक्त अजय जैन, सीडीओ शाश्वत त्रिपुरारी, एडीएम सिटी गजेंद्र कुमार, एडीएम प्रशासन डॉ. वैभव शर्मा, अपर आयुक्त राजेश श्रीवास्तव और सीएमओ डॉ. राजेश झा समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

त्योहारों में सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन पर जोर

मुख्यमंत्री ने दशहरा के दौरान रामलीला, दुर्गा पूजा पंडालों, शोभायात्राओं और विसर्जन स्थलों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम रखने पर जोर दिया। संवेदनशील स्थानों पर सतर्कता, पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती, भीड़ प्रबंधन और यातायात व्यवस्था सुचारु रखने के निर्देश दिए। आयोजनों के निर्धारित मार्गों और प्रमुख स्थलों पर निगरानी के साथ किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पुलिस-प्रशासन के बीच समन्वय बनाए रखने को कहा।

मिशन शक्ति से महिलाओं को मिले सुरक्षित माहौल

महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन के लिए मिशन शक्ति अभियान को प्रभावी ढंग से संचालित करने पर जोर दिया गया। महिला सुरक्षा से जुड़ी शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई, सार्वजनिक स्थानों पर सतर्कता और सुरक्षा सेवाओं के प्रति जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता बताई गई। संबंधित विभागों को समन्वय के साथ अभियान का लाभ अधिक से अधिक महिलाओं और बालिकाओं तक पहुंचाने के निर्देश दिए गए।

हाईवे पर हादसे रोकने के लिए प्रभावी कार्रवाई

राष्ट्रीय राजमार्गों पर दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए दुर्घटना संभावित स्थलों की पहचान, यातायात नियमों का पालन और नियमित निगरानी सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। तेज रफ्तार, गलत दिशा में वाहन चलाने, ओवरलोडिंग और हेलमेट व सीट बेल्ट की अनदेखी पर प्रभावी कार्रवाई के साथ वाहन चालकों को जागरूक करने की आवश्यकता बताई गई। दुर्घटना होने पर घायलों को शीघ्र चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने के लिए पुलिस और स्वास्थ्य विभाग के बीच समन्वय बनाए रखने पर भी जोर दिया गया।

Previous article4.09 करोड़ की साइबर ठगी का खुलासा, पांच गिरफ्तार 34 म्यूल खातों से 14 राज्यों में धोखाधड़ी की शिकायतें, नकदी निकालकर यूएसडीटी में बदलते थे रकम 13.76 लाख रुपये नकद, 22 एटीएम कार्ड, लैपटॉप और कैश काउंटिंग मशीन बरामद

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here